हरियाणा पुलिस ने डेरामुखी गुरमीत राम रहीम को सजा सुनाए जाने के बाद से फरार चल रही डेरे की राजदार और बाबा की दत्तक पुत्री हनीप्रीत पर शिकंजा कस दिया है। पुलिस ने हनीप्रीत को देशद्रोह और पंचकूला में हिंसा भड़काने के मामले में नामजद किया है। पहले से दर्ज एफआईआर में ही उसका नाम शामिल किया गया है। पुलिस ने उस पर कोई अलग से मामला दर्ज नहीं किया है।
डेरे के प्रवक्ता आदित्या इंसां और मुखपत्र के पत्रकार सुरेंद्र धीमान पर पहले से हिंसा भड़काने और देशद्रोह का मामला दर्ज है। पुलिस सुरेंद्र धीमान को गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि आदित्य इंसां अभी फरार चल रहा है। हनीप्रीत के साथ ही आदित्य को पुलिस मोस्टवांटेड घोषित कर चुकी है।
28 अगस्त को गुरमीत राम रहीम को सजा सुनाए जाने से पहले और बाद में हनीप्रीत डेरामुखी के साथ ही थी। सजा पाने के बाद राम रहीम को जिस हेलीकॉप्टर में चंडीगढ़ से रोहतक की सुनारिया जेल में भेजा गया, उसमें भी वह मौजूद थी। उसके बाद से वह फरार चल रही है। अभी तक हनीप्रीत का नाम किसी एफआईआर में शामिल नहीं था। पंचकूला के पुलिस आयुक्त एएस चावला ने बताया कि सुरेंद्र इंसां व अन्य से पूछताछ के बाद हनीप्रीत को नामजद किया गया है। अलग से कोई एफआईआर दर्ज नहीं की है।