चंडीगढ़। यूटी प्रशासन के गृह सचिव नितिन कुमार यादव ने शहर की प्रशासनिक सीमाओं को फ्रीज करने की समय-सीमा इस साल 31 दिसंबर तक बढ़ा दी है। इससे पहले प्रशासनिक सीमाओं को फ्रीज किए जाने की समय-सीमा 30 जून निर्धारित की गई थी। गौरतलब है कि प्रशासनिक सीमाओं को फ्रीज करने के कुछ महीने बाद ही जनगणना शुरू हो सकती है इसलिए इस वर्ष जनगणना होने की संभावना नहीं है।
गृह सचिव ने अपने आदेश में लिखा है कि कोरोना महामारी के कारण मौजूदा परिस्थितियों में इसके फैलने की संभावना बढ़ने का खतरा और देश में कोरोना टीकाकरण अभियान को तेज करने में राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों की व्यस्तता और भागीदारी के चलते इस वर्ष जनगणना का कार्य प्रारंभ करना संभव नहीं होगा। जनगणना नियम 1990 के नियम 8 (4) के अनुसार प्रशासनिक इकाइयों की सीमाओं को सूचित तिथि से फ्रीज किया गया है। यह तिथि जनगणना से एक वर्ष की पहले की नहीं होगी। ऐसी स्थिति में अब सक्षम प्राधिकारी की ओर से सीमाओं को फ्रीज करने की तिथि को 31 दिसंबर 2022 तक बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। आगामी जनगणना के लिए प्रशासनिक इकाइयों की सीमाएं अब 31 दिसंबर 2022 को फ्रीज की जाएंगी।
एक अप्रैल 2020 से 30 सितंबर 2020 तक आयोजित होनी थी जनगणना
जनगणना 1 अप्रैल 2020 से 30 सितंबर, 2020 तक आयोजित होने वाली थी लेकिन देश में कोरोना के प्रकोप के कारण जनगणना की समय सीमा 2020 की शुरुआत में अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई थी। समय सीमा पहले 31 दिसंबर 2020 तक, फिर 31 मार्च 2021, फिर 30 जून 2021, फिर 31 दिसंबर 2021 और बाद में 30 जून 2022 तक बढ़ाई गई। फिलहाल, अब जनगणना कब होगी यह तय नहीं है।