पांच सदस्यीय कमेटी करेगी ओमेक्स सिटी प्रकरण की जांच
ओमेक्स सिटी प्रकरण में जिला नगर योजनकार विभाग के जवाब से असंतुष्ट गृहमंत्री ने कहा कि चार हजार परिवार नरकीय जीवन जी रहे हैं, जबकि बिल्डर पैसे कमाकर घर बैठ गया। नगर निगम ओमेक्स सिटी में सफाई करवाए, इसका खर्चा बिल्डर से लिया जाए। साथ ही हेल्थ विभाग पानी के सैंपल लेकर लैब में जांच करवाए। जांच के बाद अगर सैंपल फेल मिलते हैं तो बिल्डर के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज कराया जाए।
ओमेक्स सिटी को लाइसेंस देने से लेकर अब तक हुई पूरी प्रक्रिया की विज ने पांच सदस्यीय कमेटी से जांच कराने के निर्देश दिए। निगम आयुक्त प्रदीप गोदारा को कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया है। कन्हेली रोड स्थित डेयरी कांप्लेक्स में सुविधाएं न होने की रिपोर्ट एडीसी ने गृहमंत्री को दी। मंत्री ने निगम आयुक्त को सुविधाएं उपलब्ध कराने की हिदायत दी।
गढ़ी बोहर के एरिया में फ्लैट को लेकर बिल्डर व प्लाट धारकों के बीच अदालत में केस पेंडिग होने के कारण मंत्री ने शिकायत को रद्द करने की हिदायत दी। डीसी से कहा कि जो मामला अदालत में विचाराधीन है, उसे जिला कष्ट निवारण समिति के एजेंडे में शामिल न किया जाए।
गृहमंत्री ने आजादगढ़ विकास कल्याण समिति की शिकायत पर हुडा के अधिकारियों को हिदायत दी कि यह जांच करके बताएं कि श्मशान घाट में कैसे प्लाट काटे गए। साथ ही शिकायकर्ता समिति के पास 75 साल से श्मशान होने के सबूत हैं तो उनको अगली मीटिंग में देने का आग्रह किया। महिला विद्या गोयल व बिमला देवी की जमीन के मामले में विज ने हुडा के संपदा अधिकारी से जवाब मांगा है।