रेंज में तैनात सभी आईजी स्तर के अधिकारियों को रोजाना दर्ज होने वाली एफआईआर का फॉलोअप करने के लिए कहा है। यह रिपोर्ट जिलों में एसपी के माध्यम से आईजी तक जाएगी और आईजी रोजाना जिलों से आने वाली इस रिपोर्ट का रिव्यू करने के बाद अपने उच्च अधिकारियों को सौंपेगे। सारी रिपोर्ट एकत्रित करने के बाद गृह मंत्री के पास आएगी।
काम न करने वाले एसपी नपेंगे
करीब पांच घंटे चली इस मैराथन बैठक के बाद जल्द ही पुलिस महकमे में बदलाव नजर आने लगेंगे। जो अधिकारी काम में कोताही बरतेंगे उन पर गाज गिरना तय है, इस बात का इशारा गृह मंत्री ने बैठक में कर दिया है। आज की बैठक के बाद जिलों में बेहतर काम न करने वाले पुलिस अधीक्षकों पर गाज भी गिर सकती है। जिसकी बानगी अगली ट्रांसफर लिस्ट में नजर आ जाएगी।
सूत्रों के नया-नया जिला पाने वाले कुछ पुलिस अधीक्षक अपने पद का रसूख दिखाने के लिए सरकारी अमले का प्रयोग कर रहे हैं। जनता के लिए सड़क पर पुलिस भले ही न दिखे, लेकिन साहब की तीमारदारी में पूरी पुलिस लगी रहती है। साहब के बाहर निकलने के दौरान पूरा रूट ऐसे लगता है जैसे मुख्यमंत्री को निकलना हो। ऐसे पुलिस अधिकारियों पर भी सख्ती बरतने की तैयारी की जा रही है।
अपराध नियंत्रण को लेकर बैठक बुलाई गई थी। पुलिस को मजबूत करने के लिए सभी आवश्यक साधन मुहैया करवाए जाएंगे, लेकिन अपराध नियंत्रण में ढिलाई बर्दाश्त नहीं होगी। पुलिस को पूरी निष्ठा के साथ ड्यूटी करनी होगी। अगली बैठक तक काफी कुछ नियंत्रण में दिखेगा। -अनिल विज, गृह मंत्री, हरियाणा