विधानसभा चुनावों के परिणाम आने से पहले ही कांग्रेस में मुख्यमंत्री पद को लेकर घमासान शुरू हो गया है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा रविवार रात से ही दिल्ली में हैं। सोमवार को उन्होंने हरियाणा के प्रभारी दीपक बाबरिया के साथ अहम मुलाकात की। उन्होंने सीएम पद पर दावा ठोकते हुए फिर दोहराया कि वे न टायर्ड और न रिटायर्ड। विधायकों के मत और हाईकमान के फैसले से ही मुख्यमंत्री तय होगा। सिरसा से सांसद कुमारी सैलजा ने भी दिल्ली में डेरा जमा लिया है।
मतदान से एक दिन पहले भी वह दिल्ली में सोनिया गांधी से मिल चुकी हैं। इनके अलावा, रणदीप सुरजेवाला भी केदारनाथ धाम से लौट आए हैं। वह भी मंगलवार को दिल्ली पहुंच सकते हैं। सोमवार को उन्होंने कहा कि उनके पास प्रदेश का नेतृत्व करने के लिए विजन हैं। उधर, पार्टी में बढ़ते घमासान को देखते हुए कांग्रेस हाईकमान ने डैमेज कंट्रोल के लिए दो दिग्गज नेताओं महासचिव केसी वेणुगोपाल और अजय माकन को कमान सौंप दी हैं। परिणाम आने के बाद वे दोनों चंडीगढ़ पहुंचेंगे।
मतगणना पूरी होने तक दिल्ली में रहेंगे राहुल गांधी और खरगे
एग्जिट पोल में कांग्रेस के बहुमत दिखाने के बाद कांग्रेस हाईकमान भी उत्साहित है। इसी कारण मंगलवार को मतगणना पूरी होने तक राहुल गांधी और अध्यक्ष मल्लिकाकर्जुन खरगे दिल्ली में ही रहेंगे। परिणाम जारी होने के बाद अगर पार्टी बहुमत में आती है तो आगामी रणनीति बनाने को लेकर 8 अक्तूबर की रात को कांग्रेस की अहम बैठक भी होनी है, जिसमें सीएम पद से लेकर अन्य मामलों को लेकर फैसले लिए जाने हैं।
दीपेंद्र हुड्डा ने की पिता की पैरवी
सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने मुख्यमंत्री पद के लिए अपने पिता भूपेंद्र सिंह हुड्डा की पैरवी की। सांसद ने कहा कि हुड्डा साहब ने बड़ी मेहनत की है। चुनाव में सबका योगदान है, इससे कांग्रेस मजबूत हुई है। सीएम चेहरे को लेकर दीपेंद्र ने कहा कि कांग्रेस की एक परंपरा है। उसी हिसाब से सीएम चेहरे का चुनाव किया जाएगा।
लोगों की कई उम्मीद, हाईकमान को सब पता है : सैलजा
सैलजा का कहना है कि फैसला विधायक दल की बैठक में होगा। कई उम्मीदें होती है लोगों की, चाहे दलित की बात हो या महिला की हो, हाईकमान को सब पता है। सैलजा ने दावा किया कि कांग्रेस की 60 से अधिक सीटें आ रही हैं।
विधायकों का मत और हाईकमान का फैसला तय करेगा सीएम : हुड्डा
भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि प्रदेश में भारी बहुमत से कांग्रेस की सरकार बनने जा रही है। सीएम के सवाल पर उन्होंने न मैं टायर्ड हूं और न रिटायर्ड। सीएम का फैसला कांग्रेस हाईकमान तय करता है। विधायकों की रायशुमारी ली जाती है। विधायकों के मत और हाईकमान के फैसले से मुख्यमंत्री तय होगा।
सुरजेवाला बोले-मेरे पास हरियाणा के विकास का विजन
रणदीप सुरजेवाला भी सीएम पद को लेकर दावेदारी जता चुके हैं। सुरजेवाला का कहना है कि अगर चुनाव नहीं लड़ा तो इसका मतलब यह नहीं है कि सरकार चलाने की आकांक्षा नहीं हैं। सीएम उम्मीदवार के पास हरियाणा में बदलाव और किसानों के जीवन में खुशहाली लाने का विजन होना चाहिए। मेरे पास हरियाणा के विकास का विजन है।
बरजंग पूनिया ने की बड़े नेताओं से मुलाकात
सोमवार को ऑल इंडिया किसान कांग्रेस के वाइस चेयरमैन बजरंग पूनिया बजरंग पूनिया ने दिल्ली में कांग्रेस के बड़े नेताओं से मुलाकात की। वे प्रदेशाध्यक्ष उदयभान, हिमाचल प्रदेश के प्रभारी राजीव शुक्ला व कुमारी सैलजा से मिले। इससे पहले, पूनिया भूपेंद्र सिंह हुड्डा और दीपेंद्र हुड्डा से मुलाकात कर चुके हैं।
सीएम चेहरे को लेकर तीनों नेताओं की मजबूती:::
भूपेंद्र हुड्डा
- हरियाणा के कद्दावर नेता रहे ताऊ देवीलाल को तीन बार हराया
- दो बार प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे, हाईकमान में मजबूत पकड़
- लोकसभा और विधानसभा चुनाव में प्रचार की कमान संभाली
- अधिकतर टिकटें हुड्डा की सहमति से बांटे गए। पिता-पुत्र ने 90 विधानसभा हलकों में प्रचार किया
कुमारी सैलजा
- प्रदेश में पांच बार की सांसद, केंद्र सरकार में मंत्री भी रह चुकीं
- हरियाणा का बड़ा दलित चेहरा, सोनिया गांधी से पारिवारिक संबंध
- छत्तीसगढ़ की प्रभारी रही, मौजूदा समय में उत्तराखंड की प्रभारी
रणदीप सुरजेवाला
- हरियाणा के तेजतर्रार नेताओं में गिनती, पूर्व सीएम ओमप्रकाश चौटाला को हरा चुके
- हुड्डा सरकार में दस साल संकटमोचक की भूमिका में रहे
- कर्नाटक के प्रभारी, पार्टी के मीडिया प्रमुख रहे, आंकड़ों की बेहतर समझ