इसके अलावा खिलाड़ियों के साथ लोगों का लगाव रहता है। इन सभी को देखते हुए भाजपा को लगता है कि पहलवानों की धरती सोनीपत में पहलवान ही उसकी नैया पार लगा सकते हैं। इसलिए तीन सीटों पर पहलवानों को चुनावी दंगल में उतारा गया है।
डीएसपी पद से इस्तीफा देकर चुनावी दंगल में उतरे हैं योगेश्वर
इनमें बरोदा सीट से ओलंपिक कांस्य पदक विजेता पहलवान योगेश्वर दत्त को उतारा गया है, जिन्होंने डीएसपी के पद से इस्तीफा देकर एक सप्ताह पहले की भाजपा ज्वाइन की थी। उसी समय यह माना जा रहा था कि उनको चुनाव में जरूर उतारा जाएगा, लेकिन गोहाना से पहलवान तीर्थ राणा को चुनाव में उतारकर भाजपा ने सभी को चौंका दिया।
तीर्थ राणा नेशनल स्तर के पहलवान हैं और वह प्रदेश का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं, जबकि राई से मोहनलाल बड़ौली भी पहलवान रहे हैं, जिन्होंने जिला स्तर तक कुश्ती लड़ी है। मोहनलाल बड़ौली ने 1983 से लगातार कई साल तक अखाड़ा भी चलाया, जहां युवा पहलवानों को दांवपेंच सिखाए।
इस तरह से भाजपा ने तीन सीटों पर पहलवानों को उतारा है और वह भी उन सभी सीटों से उतारे गए हैं, जिनमें खिलाड़ियों के गांव ज्यादा पड़ते हैं। अब यह देखना होगा कि यह तीनों पहलवान अपने विपक्षियों को चित करने के लिए चुनावी दांव लगा पाते है या नहीं। वहीं एक अन्य सीट पर बबीता फोगाट पर सभी की नजर रहेगी।