हरियाणा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशियों के टिकट के ऐलान में हो रही देरी से दावेदारों की टेंशन बढ़ गई है। माना जा रहा है कि सूची में देरी इसीलिए की जा रही है ताकि कार्यकर्ताओं के विरोध की गुंजाइश न बचे।
25 सितंबर से नवरात्र शुरू हो रहा है। इस दौरान नामांकन पत्र दाखिल करने की सबसे ज्यादा मारामारी होगी। संभव है इसी बीच कांग्रेस भी अपने उम्मीदवारों की घोषणा करे। बीते विधानसभा चुनाव में भी नामांकन से चंद रोज पहले पार्टी ने अपने प्रत्याशियों की घोषणा की थी, जिससे विरोध की गुंजाइश न बचे।
फिलहाल कांग्रेस को सूची फाइनल करने के लिए (सीईसी) केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक का इंतजार है। यह बैठक 19 या 20 सितंबर को हो सकती है। इसके बाद ही कांग्रेस अपने प्रत्याशियों के नामों की घोषणा करेगी।
कांग्रेसी नेताओं ने दिल्ली में डाला डेरा
फिलहाल पार्टी के आला नेताओं ने दिल्ली में डेरा डाल दिया है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा इस सप्ताह पंचकूला में आयोजित सम्मान समारोह के तुरंत दिल्ली के लिए कूच कर गए हैं।
टिकटों का निपटारा करने के लिए उन्होंने एक सप्ताह के लिए दिल्ली में डेरा डाल दिया है। सोनिया गांधी के विदेश से वापस आने के बाद पार्टी ने नब्बे उम्मीदवारों की सूची एक ही बार में घोषित करने का निर्णय लिया है।
हालांकि एक धडे़ ने यह भी प्रस्ताव रखा है कि जिन सीटों पर सिंगल कैंडिडेट के नाम तय किए जाने हैं। उनकी घोषणा पहले कर दी जाए, लेकिन इस पर अंतिम निर्णय पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी करेंगी।
पचास सीटों पर उम्मीदवारों के नाम तय
सिंगल लिस्ट में मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा, किरण चौधरी, रणदीप सिंह सुरजेवाला, कैप्टन अजय सिंह यादव, सतपाल सांगवान, आनंद सिंह दांगी, गीता भुक्कल, आफताब अहमद सहित अन्य नाम हैं।
करीब पचास से अधिक सीटों पर उम्मीदवारों के नाम तय हो चुके हैं। ये नाम शकील अहमद, मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा और अशोक तंवर की सहमति से हुए हैं। कुछ सीटों पर प्रत्याशी उतारने को लेकर भ्रम की स्थिति है। वह भ्रम यह है कि जो दो या तीन नाम सुझाए गए हैं। उनमें से सशक्त उम्मीदवार कौन होगा।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डा. अशोक तंवर ने बताया कि केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक के बाद ही सूची को अंतिम रूप दिया जाएगा। 19 या 20 सिंतबर को यह बैठक संभावित है। हमारी कोशिश है कि 90 सीटों की एक साथ घोषणा की जाए।