दलाल ने कहा, यह सही इरादे, सही नीति और प्रबंधन का मामला है। दिल्ली और पंजाब में आप नेताओं के पास ये नहीं हैं। केजरीवाल केवल राजनीति करने में व्यस्त हैं। वह पिछले कई सालों से दिल्ली के मुख्यमंत्री हैं, उन्होंने इतने सालों में (प्रदूषण पर) क्या कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि पड़ोसी पंजाब में पराली जलाने से होने वाले प्रदूषण का असर हरियाणा पर भी पड़ रहा है।
दलाल ने कहा, हमने उनसे एसवाईएल का पानी मांगा था, न कि पराली का धुआं जो हमारे शहरों और कस्बों में फैल रहा है। कृषि मंत्री ने पराली जलाने से रोकने के लिए राज्य की भाजपा सरकार द्वारा उठाए गए कई कदमों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कृषि अवशेष नहीं जलाने वाले किसानों को प्रति एकड़ 1,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि भी दी जाती है।
इस बार 30 फीसदी कम हैं पराली जलाने के मामले
उन्होंने कहा कि हरियाणा में इस साल पराली जलाने के मामले पिछले साल की तुलना में 30 फीसदी कम हैं। दलाल ने कहा कि पहले अरविंद केजरीवाल कहते थे कि अगर आप पंजाब में सत्ता में आई तो वह ऐसी व्यवस्था करेंगे कि खेत में आग की घटना न हो। अब, वे कहते हैं कि केवल छह महीने हुए हैं और उन्हें और समय चाहिए।