केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण मंत्री हरसिमरत कौर बादल ने सामूहिक भागीदारी का आह्वान देते हुए शनिवार को लंबी हलके के गांव मान से आदर्श सांसद ग्राम योजना की शुरुआत की।
हरसिमरत ने इस योजना की शुरुआत ग्रामीणों को गांव के विकास में मिल-जुल और बढ़-चढ़कर योगदान डालने की शपथ दिलवाकर की। केंद्रीय मंत्री ने ग्राम सभा, महिला सभा और बाल सभा समेत हर वर्ग के साथ अलग-अलग बैठक कर गांव के विकास के लिए रूपरेखा तैयार की।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार देश के हर वर्ग के लोगों के विकास के लिए नीतियां बनाकर लागू कर रही है। केंद्र सरकार द्वारा जहां 2017 तक हर घर में शौचालय और पीने वाला पानी मुहैया कराने की योजना बनाई गई है। 2019 तक हर परिवार को अपना घर देने का लक्ष्य रखा है। सरकार ने जन-धन योजना शुरू कर गरीब परिवारों की आर्थिक तरक्की के रास्ते भी खोले हैं। उन्होंने कहा कि योजना के तहत गांव में हर उम्र के लोगों के अलग-अलग समूह बनाए जाएंगे, जो हरेक पक्ष से मिल-जुलकर न सिर्फ सरकारी योजनाओं को लागू करने में सहयोग देंगे, वहीं ग्रामीणों की सोच बदलने का प्रयास भी करेंगे।
लिंग अनुपात में हुआ सुधार
हरसिमरत कौर बादल ने कहा कि ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ मुहिम में मुक्तसर को भी शामिल किया गया है। साथ ही उन्होंने कहा कि उनके द्वारा शुरू की ‘नन्हीं छांव’ मुहिम के भी सार्थक नतीजे आए हैं। राज्य में 2001 से 2011 के दौरान लिंग अनुपात में सुधार हुआ है।
बठिंडा हवाई अड्डा शीघ्र होगा शुरू
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बठिंडा का हवाई अड्डा शीघ्र शुरू होगा। यही नहीं अन्य सभी विकास प्रोजेक्ट भी तय समय में पूरे हो जाएंगे। शिअद-भाजपा के रिश्ते पर उन्होंने कहा कि गठबंधन का रिश्ता बहुत पुराना है। शिअद-भाजपा गठबंधन के कार्यकाल में राज्य में अमन-शांति और सद्भावना की जड़ें मजबूत हुई हैं।
हरसिमरत कौर बादल ने गांव के स्कूल में पौधे लगाकर और साफ-सफाई कर स्वच्छता मुहिम की शुरुआत भी की। इस अवसर पर डीसी जसकिरन सिंह, पवनप्रीत सिंह, बोबी बादल, उप मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार हरजिंदर सिंह सिद्धू, ओएसडी अवतार सिंह वनवाला, पनकोफैड के चेयरमैन कुलविंदर सिंह भाईका केरा, एसजीपीसी सदस्य बिक्कर सिंह चन्नू, पप्पी तरमाला, मनजीत सिंह लालबाई, बीबी वीरपाल कौर तरमाला और रणजोध सिंह लंबी समेत अन्य भी उपस्थित थे।
बच्चों को दिखाएं ‘चार साहिबजादे’
हरसिमरत कौर बादल ने लोगों को अपने बच्चों को ‘चार साहिबजादे’ दिखाने की वकालत करते हुए कहा कि यह फिल्म बच्चों को पंजाबी विरसे से जुड़ने में अहम भूमिका निभा रही है। इसलिए हर बच्चे और बड़े के लिए यह फिल्म देखना जरूरी है। उन्होंने गांव मान के लोगों को भी यह फिल्म देखने की बात कही।