चंडीगढ़। डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख राम रहीम सिंह व अन्य के खिलाफ पंजाब के फरीदकोट में दर्ज बेअदबी के तीन मामलों में सुप्रीम कोर्ट से ट्रायल पर लगी स्टे हटने के बाद जिला सीजेएम कोर्ट में सुनवाई शुरू हो गई है। वीरवार को हुई सुनवाई के दौरान राम रहीम वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेश हुआ। इस दौरान आरोपी पक्ष ने जांच टीमों से कुछ दस्तावेज मांगे हैं जिसके लिए कोर्ट में आवेदन किया गया। कोर्ट ने इस आवेदन को मंजूर करते हुए दस्तावेज उपलब्ध करवाने के दिए हैं। इस मामले में अब अगली सुनवाई 19 दिसंबर को होगी, जिसमें आरोपियों पर आरोप तय किए जाएंगे।
इससे पहले पंजाब सरकार ने मार्च में हाईकोर्ट की रोक को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। सुप्रीम कोर्ट ने फरवरी 2023 में तीन आपस में जुड़े हुए मामलों की सुनवाई को पंजाब के फरीदकोट कोर्ट से चंडीगढ़ ट्रांसफर कर दिया था। यह फैसला सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए लिया गया था क्योंकि आरोपियों में से एक को कोटकपूरा में उसकी दुकान के भीतर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
गुरु ग्रंथ साहिब की ‘बीर’ की चोरी से जुड़े हुए मामले
1 जून 2015 को गुरु ग्रंथ साहिब की ‘बीर’ की चोरी से जुड़े हुए हैं। इसके बाद 25 सितंबर 2015 को बरगारी और बुर्ज जवाहर सिंह वाला में आपत्तिजनक पोस्टर लगाए गए थे और 12 अक्तूबर 2015 को बरगाड़ी के पास एक गुरुद्वारे से चोरी की गई ‘बीर’ के फटे हुए पन्ने बरामद हुए थे। स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) द्वारा गुरमीत राम रहीम को इस पवित्र ग्रंथों के अपमान के मामलों का मुख्य षड्यंत्रकारी घोषित किया गया था। पंजाब सरकार ने उसे इस मामले में अभियोजन के लिए मंजूरी भी दी थी।