फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बिजली खुद बनाएं, ज्यादा बनी तो बेचें

Mon, 23 Jun 2014 09:00 AM IST
अरविंद बाजपेयी/अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन
अपनी जरूरत की बिजली खुद बनाएं और अतरिक्त होने पर उसे आप सरकार को बेच सकते हैं। सोलर एनर्जी विशेषज्ञों के अनुसार सोलर प्लांट में ग्रिड सिस्टम के जरिए बिजली सरकारी ग्रिड में ली जाएगी। इस सिस्टम से आप पड़ोसियों को भी बिजली बेच सकते हैं।
विज्ञापन


नेट मीटर सिस्टम से आसानी
नेट मीटर सिस्टम के माध्यम से बिजली विभाग आपके सोलर प्लांट से बिजली लेगा भी और आगे सप्लाई करेगा। नेट मीटर सिस्टम के माध्यम से जितनी बिजली आप कंज्यूम करेंगे और जितनी सरप्लस बिजली ली जाएगी उसका नेट बिल आपके पास आएगा।

प्रति वाट 90 रुपये खर्च

चंडीगढ़ के होटल शिवालिक व्यू में मिनिस्ट्री आफ न्यू एंड रिन्युएबल एनर्जी द्वारा सोलर सिटी पर आयोजित सेमिनार में सोलर एनर्जी विशेषज्ञों ने बताया कि ग्रिड सिस्टम से सोलर एनर्जी का डिस्ट्रीब्यूशन आसान हो गया है।

एक प्लांट को लगाने के लिए एक वाट के लिए नब्बे रुपये का खर्च आता है। इसमें तीस फीसदी सब्सिडी सरकारी की ओर से होती है। एक किलोवाट प्लांट लगाने के लिए सब्सिडी के बाद साठ हजार रुपये लगेंगे।

इसके लिए करीब पंद्रह वर्ग फुट जगह चाहिए। सोलर प्लांट को छत पर या खुले स्थान पर लगाया जा सकता है ताकि पैनल पर सूर्य की किरणें आएं।

रेट्स को लेकर पंगा
चंडीगढ़ में अभी बिजली के रेट्स को लेकर पंगा चल रहा है। चंडीगढ़ में जेईआरसी एक यूनिट साढ़े चार रुपये में देता है। चंडीगढ़ प्रशासन के सोलर एनर्जी विभाग द्वारा मिली जानकारी के अनुसार बिजली विभाग सरप्लस बिजली की कीमत 1.13 पैसे ही देने के लिए राजी हैं।

सोलर सिटी है चंडीगढ़

गवर्नमेंट बिल्डिंग-12 (15 पर काम चल रहा है)
प्राइवेट हाउस-12

निजी आवासीय क्षेत्र से आवेदन -55
सरकारी स्कूल-35 (टारगेट)

मौजूदा प्लान-10 मेगावाट उत्पादन
मौजूदा कुल उत्पादन -दो मेगावाट
इस वर्ष का लक्ष्य-5 मेगावाट
2022 का लक्ष्य-15 मेगावाट
विज्ञापन

5 साल में चार सौ मैगावट बढ़ी खपत

2008-09  1143.31
2009-10  1237.58
2010-11  1284.45
2011-12 1348.89
2012-13  1420.20
2013-14  1500.10

कोट
हमारी कोशिश है कि चंडीगढ़ सोलर ऊर्जा से जगमगाए। कोशिश है कि दस लाख यूनिट प्रोड्यूस करें। अभी 12 घरों में सोलर प्लांट लगाए जा चुके हैं।
केके शर्मा, सलाहकार

अब हमने सरकारी स्कूलों को टारगेट किया है। चंडीगढ़ के रेजीडेंट्स भी सोलर एनर्जी प्लांट लगाने में इच्छुक हैं। ऐसे 55 आवेदन हमारे पास हैं।
संतोष कुमार, चंडीगढ़ रेनेवेबल एनर्जी साइंस एंड टेक्नोलाजी प्रमोशन सोसायटी

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें