घूमने-फिरने के शौकीन लोगों के लिए गुड न्यूज, सरकार चंडीगढ़ से हवाई सेवा 'मुद्रिका' शुरू करने जा रही है, जिससे टूरिस्ट हिमाचल के कई शहरों की सैर कर सकेंगे। सप्ताह के सात दिन मुद्रिका सेवा उपलब्ध रहेगी। अप्रैल से कंपनी मुद्रिका सेवाएं देना शुरू करेगी। कंपनी चंडीगढ़-शिमला-कुल्लू और धर्मशाला के लिए मुद्रिका सेवा देगी। इसके लिए कंपनियों को फाइनल कर दिया है।
सरकार प्रदेश में वायु सेवा को मजबूत करने के उद्देश्य से मुद्रिका हवाई सेवा शुरू कर रही है, जिससे प्रदेश में आने वाले लाखों पर्यटकों के वाहनों का बोझ कम किया जा सके। इससे प्रदूषण की समस्या भी कम होगी और पर्यटकों के समय और पैसे की बचत भी होगी। सरकार ने मुद्रिका सेवा देने के लिए छोटे हवाई जहाज सेवा प्रदान करने वाली कंपनियों से बातचीत शुरू की थी।
इसके लिए डारनियर जहाजों को पहाड़ी इलाकों की छोटी हवाई पट्टियों के लिए उपयुक्त पाया गया है। इन जहाजों का निर्माण हिंदुस्तान एरोनाटिकल लिमिटेड (एचएएल) करता है। पिस्टन बेस जहाज सरकार मुद्रिका के लिए प्रयोग करती है तो एक घंटे का खर्चा 24 हजार तक बैठता है। यह नौ सीटर जहाज है।
उधर, अतिरिक्त मुख्य सचिव राम सुभग सिंह कहते हैं कि हिमाचल की हवाई पट्टियों को ध्यान में रखते हुए नौ सीटर हवाई जहाज की सेवाएं देने वाली कंपनियों को मंजूरी दे दी है। यह कंपनी पिंजौर में अपने जहाज खड़े करेगी। यहां से जहाज चंडीगढ़- शिमला-कुल्लू-धर्मशाला होकर वापस लौटेंगे। अप्रैल से कंपनी मुद्रिका सेवाएं देना शुरू करेगी, क्योंकि इससे पहले सर्दियों में मौसम खराब रहता है।