हरियाणा में बेमौसमी बारिश और ओलावृष्टि से फसलें खराब हो जाने से परेशान किसानों के लिए मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने मंगलवार को कई राहतों की घोषणा की। विधानसभा में बजट सत्र के दौरान मुख्यमंत्री ने किसानों के लिए महत्वपूर्ण फैसलों की जानकारी सदन को दी।
उन्होंने बताया कि प्रभावित किसानों के कृषि बिजली के बिल माफ करने, सहकारी फसली कर्ज की अदायगी लंबित करने, आगामी फसली कर्ज जीरो प्रतिशत पर मुहैया कराने का फैसला लिया गया है।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर हरियाणा को तत्काल 500 करोड़ रुपये की अंतरिम राहत उपलब्ध कराने का आग्रह भी किया है ताकि किसानों की समय पर पूरी मदद की जा सके। उन्होंने बताया कि प्रदेश में जारी विशेष गिरदावरी का काम 31 मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा और इसमें देरी नहीं होगी।
मुख्यमंत्री ने सदन में घोषणा की कि सरकार ने प्रदेश के सभी किसानों को आगामी फसल के लिए फसली ऋण जीरो प्रतिशत ब्याज दर उपलब्ध करवाने का निर्णय लिया है।
उन्होंने सदन को बताया कि ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों के कृषि बिजली बिलों में 100 प्रतिशत तक छूट दी जाएगी। जिन किसानों की फसलें 25-50 प्रतिशत तक खराब हुई हैं, उनके पिछले छह महीनों व अगले छह महीनों के 50 प्रतिशत कृषि बिजली बिल माफ किए जाएंगे।
इसी प्रकार जिन किसानों की फसलें 51-100 प्रतिशत तक खराब हो गई हैं, उनके कृषि बिजली बिल 100 प्रतिशत माफ करने का निर्णय लिया गया है। मुख्यमंत्री ने सदन को बताया कि जिन किसानों की फसलों का नुकसान 50 प्रतिशत से अधिक है, उनके सहकारी बैंकों के अल्पावधि फसली ऋणों की वसूली की समय सीमा नए सिरे से निर्धारित करके तीन वर्ष करने का भी निर्णय लिया गया है।
कुछ जिलों में बिल्कुल नुकसान नहीं: सीएम
मुख्यमंत्री खट्टर जब सदन को किसानों के लिए राहत घोषणाओं की जानकारी दे रहे थे, तब इनेलो के परमिंदर ढुल ने बताया कि कई स्थानों पर विशेष गिरदावरी में लगे अधिकारी केवल 14-15 फीसदी फसल के नुकसान की जानकारी दे रहे हैं, ऐसे में किसानों को सरकार के राहत पैकेज का कैसे लाभ मिलेगा?
इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में दो बार बेमौसमी बारिश ने फसलें खराब की हैं। पहले एक से दो मार्च तक और फिर 7 व 8 मार्च को। उन्होंने कहा कि विशेष गिरदावरी की अब तक मिले आरंभिक आंकड़ों से पता चला है कि मेवात, रेवाड़ी व पलवल में फसलों के 76 से सौ फीसदी तक नुकसान पहुंचा है, जबकि नारनौल, गुड़गांव, झज्जर में 51-75 फीसदी फसलें प्रभावित हुई हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि अंबाला, कैथल, पानीपत और पंचकूला जिलों में फसलों को नुकसान नहीं पहुंचा है।
वहीं कांग्रेस विधायक करण सिंह दलाल ने मंगलवार को हरियाणा विधानसभा में कहा कि प्रदेश सरकार ने ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों के लिए राहत की जो घोषणाएं की हैं, वह कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से भयभीत होकर की गई हैं। हालांकि उनके बयान पर कुछ देर तक सदन में हंगामा भी हुआ।
उल्लेखनीय है कि सोनिया गांधी ने बीते सप्ताह हरियाणा का दौरा कर प्रभावित किसानों से मुलाकात की थी। तब प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने ट्वीट कर कहा था कि सोनिया गांधी ग्रामीण पर्यटन पर आई थीं। वहीं, मुख्यमंत्री ने सोनिया के दौरे पर कहा था कि प्रदेश में किसी को भी आने का हक है और जल्दी ही केंद्र सरकार की टीम भी किसानों से मिलेगी।