ड्रग्स की मार झेल रहे पंजाब के लोगों के लिए एक राहत भरी खबर है। पीजीआई के स्कूल आफ पब्लिक हेल्थ और डिस्ट्रिक लेवल पर गठित टोबैको कंट्रोल कमेटी के प्रयास से पंजाब के 17 जिले स्मोक फ्री घोषित कर दिए गए हैं।
पंजाब को स्मोक फ्री बनाने के अभियान में अहम भूमिका निभाने वाले पीजीआई के कम्यूनिटी मेडिसिन के असिस्टेंट प्रोफेसर सोनू गोयल ने बताया कि साल 2011 में पंजाब सरकार ने पीजीआई से सुझाव मांगा था कि कैसे मोहाली जिले को स्मोक फ्री बनाया जा सकता है।
इस प्रस्ताव पर पीजीआई ने काम करना शुरू किया। पंजाब के सभी डिस्ट्रिक के लिए पीजीआई ने पहली बार अंतरराष्ट्रीय स्तर के मापदंड तैयार किए।
इसमें कैम्पेन फार टोबैको फ्री किड्स, जॉन हॉपकिन्स ब्लूमबर्ग स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ एंड इंटरनेशनल यूनियन अगेंस्ट ट्यूबरक्लोसिस एंड लंग डिजीज जैसी संस्थाओं का सहयोग लिया गया।
मापदंड के मुताबिक एजुकेशनल इंस्टीट्यूट, हेल्थ इंस्टीट्यूट, ट्रांजिस्ट साइट (बस अड्डे), गवर्नमेंट आफिस, होटल-रेस्त्रां और रेलवे स्टेशन पर निगरानी रखी जाने लगी।
इन इलाकों में नो स्मोकिंग साइन बोर्ड लगाए गए। इसके बाद शहरों में बराबर रेड डाली गई और चालान काटे गए। उसके बाद हर महीने आफिसर से रिपोर्ट भी मांगी गई।
इस तरह के प्रयासों से मोहाली में सफलता मिली और उसके बाद दूसरे शहरों की ओर रुख किया गया।
17 जिले के 5273 पब्लिक प्लेस कवर
निगरानी कमेटी ने 17 जिलों के कुल 5273 स्थलों को कवर कर लिया है। इन जगहों पर स्मोकिंग करने पर चालान काटे जा रहे हैं।
पीजीआई के स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ की ओर से भी इन जिलों के सैंपल लिए जा चुके हैं। इसके मुताबिक सभी जिलों की अनुपालन रिपोर्ट 85.1 से लेकर 96.9 प्रतिशत पाई गई है।
पंजाब के नोडल आफिसर के मुताबिक पंजाब के अन्य जिलों को भी स्मोक फ्री बनाने के प्रयास चल रहे हैं। पंजाब सरकार ने पीजीआई को दोबारा से पुराने शहरों में सर्वे करने का आग्रह किया है, ताकि स्मोक फ्री सिटी को मेन्टेन किया जा सके।
अभियान में सबसे खास बात यह रही कि डिस्ट्रिक नोडल व स्टेट कमेटी के बीच जबरदस्त तालमेल था। अभियान में स्कूल व कालेज प्रिंसिपल स्तर के सभी गजेटेड अफसरों निर्देश दिए थे कि उनके क्षेत्रों में यदि कोई भी स्मोकिंग करता पाया जाता है तो वे उसके खिलाफ कार्रवाई करें या फिर कमेटी को इसकी सूचना दें।
स्मोक फ्री सिटी के इतने पब्लिक प्लेस पर निगरानी
जिला (कवर्ड पब्लिक एरिया)
गुरदासपुर(350), नवाशहर(351), बठिंडा(349), संगरूर(359), श्री मुक्तसर साहिब(360), कपूरथला(357), होशियारपुर(358), पटियाला(346), फरीदकोट(350), फिरोजपुर(340), फाजिल्का(340), जालंधर(339), फतेहगढ़ साहिब(210), अमृतसर(319), रूपनगर(191), मानसा(183), मोहाली(171),