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रेडिएशन मशीन खराब होने से मरीज परेशान, बोले- कोरोना से तो बच गए, कहीं कैसर न ले ले जान

Thu, 04 Jun 2020 02:44 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो अमर उजाला, चंडीगढ़
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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चंडीगढ़ स्थित जीएमसीएच- 32 में रेडिएशन मशीन 15 दिनों से खराब है। इस वजह से कैंसर के दर्जनों मरीजों की जान पर बन आई है, क्योंकि रेडिएशन थेरेपी के जरिये उनका इलाज चल रहा है। मरीज और उनके परिजन रोज रेडिएशन यूनिट का चक्कर काट रहे हैं। लेकिन उन्हें यह नहीं बताया जा रहा कि कब तक मशीन बन पाएगी।
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रेडिएशन यूनिट के बाहर मशीन खराब होने की सूचना एक फोन नंबर के साथ चिपका दी गई है। इस पर लिखा हुआ है आने से पहले इस नंबर पर कॉल करें, लेकिन उस नंबर पर कॉल करने से किसी मरीज को सही जानकारी नहीं मिल रही है। वहीं अस्पताल प्रशासन का कहना है कि कोरोना के कारण लॉक डाउन से सारी व्यवस्था जहां की तहां महीनों से रुकी पड़ी है। ऐसी स्थिति में खराब मशीन की मरम्मत के लिए कंपनी को कॉल कर दिया गया है जल्द से जल्द पहले की तरह सुविधा बहाल हो जाएगी।

केस-1: पंजाब के गुरमीत सिंह (बदला हुआ नाम) कैंसर से जूझ रहे हैं। जीएमसीएच- 32 में उनका रेडिएशन थेरेपी से इलाज में चल रहा था। लेकिन कोरोना के कारण उनका इलाज बीच में ही रुक गया है, क्योंकि अस्पताल की रेडिएशन मशीन 15 दिनों से खराब है। स्थिति यह है कि मरीज और उनके परिजन प्रतिदिन यूनिट का चक्कर लगा रहे हैं। लेकिन कोई यह बताने वाला नहीं है कि मशीन कब तक बनेगी और गुरमीत को इलाज कब मिलना शुरू होगा। कैंसर जैसी गंभीर बीमारी में दर्द को सहना गुरमीत के लिए काफी कठिन साबित हो रहा है। उनका कहना है कि कोरोना से तो बच गए, लेकिन कैंसर का इलाज नहीं मिला तो मर जाऊंगा।
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केस 2: सेक्टर 40 निवासी वर्धन सिंह (बदला हुआ नाम) कैंसर ग्रस्त हैं। उनका जीएमसीएच 32 में पिछले 9 महीने से इलाज चल रहा है। उन्हें हफ्ते में एक बार रेडिएशन थेरेपी देनी पड़ती है। लेकिन पिछले 15 दिनों से उन्हें यह थेरेपी एक बार भी नहीं मिल पाई है। वर्धन का कहना है की एक एक दिन इंतजार में गुजार रहे हैं कि शायद कल मशीन बन जाए और मुझे इलाज मिल जाए। लेकिन देखते देखते 15 दिन निकल गए हैं कहीं से कोई सूचना नहीं मिल रही है कि मशीन कब तक बनेगी।
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मशीन का खराब पार्ट नहीं है उपलब्ध जानकारी के अनुसार अस्पताल प्रशासन रेडिएशन मशीन की खराबी के संबंध में कंपनी को सूचना दे चुकी है। लेकिन उसके बावजूद मरम्मत कार्य नहीं हो पा रहा है। कंपनी की तरफ से जवाब मिला है कि लॉकडाउन के कारण मशीन के पार्ट की सप्लाई पूरी तरह से बंद थी। धीरे-धीरे व्यवस्था बहाल हो रही है इसलिए मरम्मत की प्रक्रिया पूरी होने में थोड़ा वक्त लगेगा। लेकिन वो कितना वक्त होगा ये कोई बताने वाला नहीं है।

इमरजेंसी सेवा के तहत देखे जा रहे कैंसर मरीज
जीएमसीएच अस्पताल प्रशासन ने इमरजेंसी सेवा के तहत कैंसर जैसे मर्ज वाले मरीजों को इलाज देने का कार्य जारी रखा है। इसके अलावा टेली कंसलटेंट के जरिए भी अन्य विभागों में मरीज देखे जा रहे हैं। ओपीडी बंद होने के बावजूद मरीजों को समय रहते फॉलोअप और उचित परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है । इसके बावजूद कैंसर जैसे गंभीर मरीजों को रेडिएशन थेरेपी न मिलने से उन्हें तमाम तरह की शारीरिक और मानसिक परेशानियां झेलनी पड़ रही है।

रेडिएशन मशीन के खराब होने की सूचना कंपनी को दी जा चुकी है। कोरोना के कारण लॉक डाउन से प्रक्रिया पूरी होने में थोड़ा वक्त लग रहा है। मरीजों की परेशानी जल्द दूर करने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। जल्द ही मशीन ठीक हो जाएगी और मरीजों को थिरैपी मिलने लगेगी।
- डॉ. रवि गुप्ता, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट जीएमसीएच-32
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