गुरु जंभेश्वर यूनिवर्सिटी हिसार ने एक गजब कर कारनामा कर दिया। परिणाम में छात्र को री-अपीयर दिखाया और डीएमसी में उसे अनुपस्थित दिखा दिया। बायो-मेडिकल विभाग के छात्र के साथ यह कारनामा हुआ। यही नहीं, शिकायत देने के बावजूद जांच किए जाने की बजाय विद्यार्थी को यह साबित करना पड़ा कि वह उपस्थित था।
जैसे- तैसे विद्यार्थी ने साबित किया तो उसे कहा गया कि तुम्हारी तो उत्तर पुस्तिका हमारे पास है और तुम्हारे उतने ही अंक (16) आए हैं, जितनी पिछली बार थे। यह और इस तरह के अन्य मामले साबित करते हैं कि परीक्षा शाखा का कितना बुरा हाल है। ब्रांच के अधिकारी और कर्मचारी विद्यार्थियों की समस्याएं दूर करने के बजाय उन्हें परेशान अधिक कर रहे हैं।
बोले- अटेंडेंस शीट लेकर आओ
विद्यार्थी ने जब एग्जाम ब्रांच में शिकायत दी तो उसे कहा गया कि जहां परीक्षा थी, वहां पता करो कि पर्यवेक्षक कौन था और उस पर्यवेक्षक के पास से अटेंडेंस शीट लेकर आओ, जबकि यह काम ब्रांच का था। जैसे-तैसे विद्यार्थी कई दिनों तक चक्कर लगाकर अटेंडेंस शीट लेकर आया तो उससे कहा गया कि तुम्हारी उत्तर पुस्तिका तो हमारे पास है और तुम्हारे उतने ही अंक हैं, जितने पिछली बार आए थे।