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गीतांजलि मर्डर: रवनीत गर्ग को नहीं मिली राहत, अभी न्यायिक हिरासत में रहेंगे

Wed, 28 Sep 2016 04:27 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला
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Geetanjali murder case - फोटो : File Photo
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 गुड़गांव के बहुचर्चित गीतांजलि हत्याकंड में गिरफ्तार किए गए रवनीत गर्ग की ज्यूडिशियल कस्टडी 10 अक्तूबर तक बढ़ा दी गई है। मंगलवार को रवनीत गर्ग वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये पेश किए गए। गौरतलब है कि इससे पहले उनको पांच दिन के सीबीआई रिमांड के बाद 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेज दिया गया था। 
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सीबीआई कोर्ट में रवनीत गर्ग की वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से मंगलवार को सुबह साढ़े नौ बजे पेशी हुई। इससे पहले रवनीत गर्ग का ब्रेन मैपिंग और पॉलीग्राफी टेस्ट कराया गया, इसमें रिपोर्ट निगेटिव आई थी। सीबीआई ने इन तथ्यों के साथ मामले की अन्य जानकारी हासिल करने के लिए रवनीत गर्ग को रिमांड पर लिया।

सीबीआई ने सीजेएम रवनीत गर्ग को कैथल से 7 सितंबर को गिरफ्तार किया था। इसके बाद 8 सितंबर को पंचकूला की सीबीआई कोर्ट में पेश किया गया। सीबीआई ने रवनीत गर्ग को पांच दिन के रिमांड पर लिया था। इस मामले में कई ऐसे सवाल हैं जिनकी गुत्थी अब तक नहीं सुलझ सकी है। 
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किस आधार पर सीजेएम को किया गिरफ्तार?

गीतांजलि मर्डर केस में सीजेएम रवनीत गर्ग गिरफ्तार - फोटो : फाइल फोटो
सीबीआई ने अदालत को बताया कि वर्ष 2013-14 में आरोपी गर्ग से अवैध कारतूस बरामद हुए थे। इसके बाद मुख्यारोपी सीजेएम रवनीत गर्ग का पॉलीग्राफ और ब्रेन मैपिंग टेस्ट करवाया गया था। उसकी रिपोर्ट के आधार पर उन्हें गिरफ्तार किया गया है। 

आरोपी से अब हत्या में इस्तेमाल किया गया हथियार बरामद करना है। साथ ही अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी करनी है। अदालत ने इस आधार पर आरोपी को पांच दिन के रिमांड पर भेज दिया। गौरतलब है कि 17 जुलाई 2013 को गीतांजलि की हत्या की गई थी। 

गीतांजलि के परिजनों ने उसके पति सीजेएम रवनीत गर्ग पर हत्या की आशंका जताई थी। परिजनों की शिकायत पर सीजेएम रवनीत गर्ग और उनकी मां समेत अन्य पर दहेज हत्या का मामला दर्ज किया गया था।

गीतांजलि के पिता ओमप्रकाश अग्रवाल ने कहा कि वह सीबीआई की कार्रवाई से संतुष्ट हैं। उन्होंने कहा कि उनकी बेटी गीतांजलि की हत्या रवनीत गर्ग और उनके परिवार ने ही की है। जिस प्रकार से सीबीआई कार्य कर रही है, उससे सच्चाई सामने आ जाएगी।
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टाइमलाइन: गीतांजली मर्डर केस

गीतांजलि मर्डर केस में सीजेएम रवनीत गर्ग गिरफ्तार - फोटो : फाइल फोटो
18 जुलाई, 2013 : गीतांजलि का पोस्टमार्टम हुआ, रिपोर्ट में शव में गोलियों के तीन निशान पाए जाने का खुलासा
, डीसीपी वेस्ट ने एसआईटी का गठन किया।
19-20 जुलाई : पुलिस ने रवनीत गर्ग, उनकी मां रचना गर्ग और पिता केके गर्ग के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया

20 जुलाई: एसआईटी ने रवनीत गर्ग से चार घंटे तक पूछताछ की

21 जुलाई : सीजेएम के घर में एसआईटी का सर्च अभियान, चचेरी बहन हिना, मां रचना गर्ग का बयान दर्ज
 सीजेएम का मोबाइल, लैपटॉप, रिवाल्वर का लाइसेंस, बची हुई 19 गोलियां जब्त की गई
 गीतांजलि के भाई प्रदीप अग्रवाल ने दहेज उत्पीड़न की शिकायत दर्ज कराई।

गीतांजलि को न्याय मिलने में तीन साल से अधिक का समय लग गया है। बता दें कि गुड़गांव में उसकी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। गीतांजलि के परिजनों ने पति रवनीत गर्ग पर उसकी हत्या का आरोप लगाया था। 

तीन साल पहले गीतांजलि के भाई प्रदीप अग्रवाल ने सिविल लाइन थाना पुलिस को बताया था कि उसके बहनोई रवनीत गर्ग ने अपने परिवार वालों के साथ मिलकर उसकी बहन की हत्या कर दी है। 

पुलिस ने हत्या व दहेज हत्या का मामला दर्ज कर 19 दिन तक जांच की। जांच के दौरान पुलिस पर उठने वाले सवाल और मौके पर आरोपी पति रवनीत गर्ग की मिली रिवाल्वर के बाद तत्कालीन मुख्यमंत्री ने जांच सीबीआई को सौंप दी।
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