चंडीगढ़-अंबाला मुख्य मार्ग स्थित गांव भांखरपुर में घग्गर पुल धंस गया। इस कारण चंडीगढ़ से अंबाला की ओर की हाईवे बंद कर दिया गया है। इस कारण हाईवे पर कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया। वहीं, यातायात को बहाल करने के लिए वाहनों को एक तरफ से निकाला जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, पुल पर एक एक्सपेंशन ज्वांइट और स्पैन धंसने के कारण यह समस्या पैदा हुई है। इसको देखते हुए सड़क का निर्माण करने वाली कंपनी ने दोनों ओर के यातायात को एक तरफ से ही निकाला है।
जानकारी के अनुसार, चंडीगढ़ से अंबाला की ओर जाने वाले वाहन चालक इस पुराने पुल का इस्तेमाल करते हैं। जबकि अंबाला से चंडीगढ़ जाने के लिए नए पुल का निर्माण किया गया था। लेकिन कुछ दिन से पुराने पुल पर भांखरपुर की ओर से तीसरे व चौथे स्पैन के बीच एक्सपेंशन ज्वाइंट डैमेज होने का पता दो दिन पहले लगा था। तेज व भारी वाहनों की आवाजाही से इसका चौथा स्पैन भी डैमेज गया। स्पैन के सरिये निकलने से कंकरीट गिरने से स्पैन में लोहे का जाल दिखाई देने लगा।
ज्वाइंट समेत स्पैन में करीब पौने दो फुट चौड़ा व पांच फीट लंबे हिस्से में गड्ढा बन गया है। इसे पार करते समय वाहनों को जोरदार झटका लगता है। वहीं, उनके टायर भी फट सकते हैं। इसके चलते शाम फोरलेनिंग कंपनी जीएमआर ने साढ़े चार बजे एक लेन पर आवाजाही बंद कर दी गई। हालांकि, दो दिन पहले कंपनी ने पुल की मरम्मत की थी। लेकिन बारिश व भारी वाहनों के कारण फिर से पुल टूटना शुरूहो गया।
इसको देखते हुए कंपनी ने पुल से यातायात बंद कर दिया गया। केवल एक लेन खुली रहने से वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। इस कारण वाहनों को रुक रुककर गुजरना पड़ा। रविवार को शाम वाहन चालकों को पांच मिनट का सफर तय करने के लिए घंटों जाम में फंसना पड़ा। ट्रैफिक पुलिस भी यातायात को काबू करने में नाकाम रही। इस कारण जाम में फंसे वाहन चालकों को परेशानी झेलनी पड़ी।
दीपक अरोड़ा, कारपोरेट मैनेजर, जीएमआर कंपनी ने बताया कि पुलों समेत पूरे हाईवे की माइक्रो सरफेसिंग का प्रोजेक्ट दो करोड़ में एक कंपनी को दिया गया है। वही कंपनी अपने ब्रिज इंजीनियर्स की मदद से पुल की रिपेयर करेगी। इसमें एक दो दिन लग सकते हैं। तब तक पुल की एक लेन बंद रहेगी।