पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में मौजूद लोग अब केवल 5 रुपये का भुगतान कर हाईकोर्ट, जिला अदालतों में लंबित मामलों की जानकारी पा सकेंगे। इसके साथ ही इन आदेशों की प्रति भी उन्हें केवल 2 रुपये प्रति पेज के आधार पर उपलब्ध करवाई जाएगी। यह जानकारी पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एसजे वजीफदार ने योजना का औपचारिक शुभारंभ करते हुए दी।
इससे पूर्व हाईकोर्ट की कंप्यूटर कमेटी के चेयरमैन जस्टिस एसजे वजीफदार ने आईटी विभाग तथा ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की थी। इस योजना के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए जस्टिस राजेश बिंदल ने बताया कि हरियाणा, पंजाब और यूटी में मौजूद कॉमन सर्विस सेंटरों के माध्यम से अब नेशनल जुडीशियल डाटा ग्रिड, हाईकोर्ट और जिला अदालतों की वेबसाइट पर मौजूद जानकारी गांव स्तर पर उपलब्ध करवाई जाएगी।
पंजाब में 65 सौ कॉमन सर्विस सेंटर
पंजाब में 6500, हरियाणा में 5500 तथा यूटी में ऐसे 22 कॉमन सर्विस सेंटर मौजूद हैं। इन सेंटरों पर कृषि, शिक्षा, बिजली, पुलिस, पब्लिक हेल्थ जैसी 171 प्रकार की सुविधाएं पूर्व में ही दी जा रही हैं और अब अपने केस के बारे में याचिकाकर्ता यहां से जानकारी हासिल कर सकेंगे। यह जानकारी आसानी से और नाम मात्र के खर्च पर उपलब्ध होगी। जानकारी केवल देखनी है तो उसके लिए 5 रुपये भुगतान करना होगा और यदि इसका प्रिंट चाहिए तो 2 रुपये प्रति पेज की दर से भुगतान करना होगा।