गैंगस्टरों के जरिये राजनीतिक नेताओं के वीडियो वायरल होने के संबंध में कथित गैंगस्टर नवतेज भोला ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। यह मुद्दा सत्ताधारी पार्टी के राजनीतिक नेताओं से जुड़ा होने के कारण पुलिस इस कार्रवाई को गुप्त रख रही है। पुलिस के मुताबिक इस वर्ष 12-13 मार्च की रात को निहाल सिंह वाला, नगर काउंसिल प्रधान इंद्रजीत सिंह जोली की गाड़ी को आग से जलाने और उसके पास से फिरौती मांगने के मामले में नवतेज भोला नामजद है।
बता दें कि उसके खिलाफ 7 अन्य केस दर्ज थे, जिनमें वह बरी हो चुका है। एसपी (आई) वजीर सिंह खैरा ने कहा कि नवतेज भोला की इस केस में अदालत ने अग्रिम जमानत मंजूर की है, लेकिन उन्होंने भोला के आत्मसमर्पण के बारे में पुष्टि नहीं की।
थाना निहाल सिंह वाला प्रमुख दिलबाग सिंह ने कहा कि नवतेज भोला की अग्रिम जमानत मंजूर होने बाद उनके पास अभी तक पेश नहीं हुआ है। पुलिस सूत्रों ने दावा किया कि नवतेज भोला यहां एक सीनियर अधिकारी आगे पेश हुआ और उसे पूछताछ के बाद थाना सदर में भेज दिया गया। थाना सदर प्रमुख करमजीत सिंह ग्रेवाल ने इस मुद्दे पर टिप्पणी करने से इंकार करते हुए कहा कि उनके थाने में भोला के खिलाफ कोई केस दर्ज नहीं है।
राजनीतिक संरक्षण देने का खुलासा किया था
Gangster Navtej Bhola
नवतेज भोला ने कुछ दिन पहले वीडियो वायरल करके कांग्रेस नेता (पूर्व अकाली विधायक) महेशइंद्र सिंह निहाल सिंह वाला और उसके बेटे धर्मपाल सिंह के खिलाफ अपराधियों से संबंध और उनको राजनीतिक संरक्षण देने का खुलासा किया था। इस खुलासे के बाद महेशइंद्र निहाल सिंह वाला एवं बाघापुराना से विधायक दर्शन सिंह बराड़ के बीच चल रही अंदरूनी राजनीतिक जंग खुलकर बाहर आ गई थी। क्योंकि भोला ने महेशइंद्र पर हत्या की साजिश रचने के आरोप लगाए थे।
यह वीडियो वायरल होने बाद पुलिस प्रशासन ने अकाली नेता जगदीप सिंह, विधायक दर्शन सिंह बराड़ और उसके बेटे कंवलजीत सिंह की सुरक्षा बढ़ा दी थी। वहीं कांग्रेस नेता महेशइंद्र सिंह, उसके बेटे धर्मपाल सिंह और अन्य ने जवाबी वीडियो जारी कर मामले में मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और पंजाब पुलिस प्रमुख सुरेश अरोड़ा से मिलकर निष्पक्ष एजेंसी से जांच की मांग की थी।
पिता को डर, गलत तौर पर फंसा सकती है पुलिस
punjab police
मामला मुख्यमंत्री के दरबार में पहुंचने बाद पुलिस प्रशासन इस मुद्दे को गंभीरता से लेने लगा और नवतेज भोला का आत्मसमर्पण कराने के लिए कई दिन से जमीन तैयार करने में जुटा था। सूत्रों अनुसार नवतेज भोला के पिता हरजीवन सिंह जो राजस्व विभाग में पटवारी हैं, उन्होंने पुलिस को कहा कि भोला अब जुर्म की दुनिया छोड़ कर पुलिस के पास आत्मसमर्पण करना चाहता था, लेकिन उसे डर था कि उसे जेल में डालने के लिए पुलिस उसके खिलाफ नशीला पाउडर और अवैध असले का केस डाल सकती है। फिलहाल पुलिस नवतेज भोला का आत्मसमर्पण कराने में सफल हो गई और अब उच्च स्तरीय टीम वीडियो के बारे में पूछताछ करने में जुट गई है।