डड्डूमाजरा स्थित डंपिंग ग्राउंड में मंगलवार शाम भीषण आग लग गई। सूचना मिलते ही दमकल की करीब 10 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। आग की ऊंची लपटों पर तो दमकल ने दो घंटे में काबू पा लिया लेकिन कचरे में सुलगती आग ने परेशानी बढ़ा दी।
करीब चार किलोमीटर तक धुआं फैला हुआ था। हालात यह हो गए कि सड़क पर दिखना बंद हो गया। वहां से गुजरने वालों को अपनी गाड़ियों की हेडलाइट तक जलानी पड़ीं। धुएं का गुबार पीयू, मटका चौक, सेक्टर 27 से साफ दिखाई दे रहा था। लोगों ने खिड़की-दरवाजे बंद कर खुद को घर में कैद कर लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शाम के करीब 4 बजे अचानक आग की लपटें डंपिंग ग्राउंड में उठने लगीं। इससे वहां काम कर रहे कर्मचारियों में भगदड़ मच गई। लोगों ने 112 पर फोन किया। वहां से दमकल विभाग के केंद्र सेक्टर 17 में फोन लगाया गया। इसके बाद सेक्टर 11, 17, 38 व 32 के दमकल ऑफिस से गाड़ियां भेजी गईं। आग इतनी ज्यादा थी कि गाड़ियों को कई बार चक्कर लगाने पड़े। देर रात 12 बजे तक भी कचरे में सुलग रही आग को बुझाने में दमकलकर्मी जुटे थे।
हर साल लगती है आग
डंपिंग ग्राउंड में हर साल आग लगती है, इसे बुझाने में हजारों लीटर पानी लगता है। 18 व 22 मई को भी भीषण आग लगी थी। डड्डूमाजरा कॉलोनी समेत आसपास के लोगों का कहना है कि डंपिंग ग्राउंड की बदबू से तो जीना मुहाल है ही, आग से फैला धुआं तो सांस तक नहीं लेने देता।