चंडीगढ़। पीजीआई की गवर्निंग और इंस्टीट्यूशनल बॉडी की बुधवार को दिल्ली में हुई बैठक में दो साल के दौरान प्रस्तावित सभी योजनाओं को स्वास्थ्य मंत्री ने हरी झंडी दे दी है। इसमें सारंगपुर में एमबीबीएस कोर्स शुरू करने के साथ पीजीआई में मल्टीलेवल पार्किंग समेत अन्य प्रगतिशील योजनाएं शामिल हैं। हालांकि, स्वीकृति एजेंडे पर अभी फाइनल हस्ताक्षर होना बाकी है। फिर भी पीजीआई प्रशासन का कहना है कि उनकी तरफ से जितने भी प्रस्ताव पेश किए गए, उन पर फाइनल मुहर लग चुकी है। पीजीआई में एमबीबीएस कोर्स शुरू होने की स्वीकृति शहर के युवाओं के लिए बड़ी सौगात होगी क्योंकि अभी तक उनके पास सिर्फ जीएमसीएच-32 का ही विकल्प है।
गौरतलब है कि केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण की अध्यक्षता में बीते सात अप्रैल को पीजीआई वित्त कमेटी की बैठक में इन योजनाओं पर फैसले लिए जा चुके थे लेकिन उन सभी योजनाओं पर गवर्निंग बॉडी की स्वीकृति आवश्यक थी। उन योजनाओं में मुख्य रूप से सारंगपुर में एमबीबीएस कोर्स के संचालन के साथ संस्थान में मल्टीलेवल पार्किंग के लिए टेंडर जारी करना शामिल है। वहीं परिसर में क्रिटिकल केयर ब्लॉक का निर्माण भी शामिल है। उस दौरान ऑडिट को स्वीकृत कर नए बजट का प्रस्ताव तैयार करने को कहा गया था। इन योजनाओं के साथ कर्मचारियों के आवास की मरम्मत के लिए मांगे गए बजट को भी मंजूरी दे दी गई थी।
बता दें कि पीजीआई के लिए एमबीबीए कोर्स के संचालन के साथ मल्टीलेवल पार्किंग का मुद्दा बेहद महत्वपूर्ण है। इससे एक तरफ जहां शहर के युवाओं का भविष्य जुड़ा है, वहीं दूसरी ओर, संस्थान में इलाज के लिए आने वाले लाखों मरीजों को सहूलियत मिलेगी। न्यू ओपीडी के सामने खाली पड़े स्थान पर मल्टीलेवल पार्किंग का काम तो शुरू हो चुका है लेकिन गवर्निंग बॉडी की स्वीकृति के बिना संशय बरकरार था। उधर, स्वास्थ्य मंत्री ने फिरोजपुर सेटेलाइट सेंटर के निर्माण के लिए तैयार प्रस्ताव को भी फाइनल मंजूरी दे दी है।