पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा की एक शिक्षिका को तीसरे बच्चे के लिए मैटरनिटी लीव देने का आदेश देते हुए कहा है कि महिला कर्मचारी तीसरी बार भी छुट्टी की हकदार है।
शिक्षिका चित्रा रानी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि उसने विभाग में मैटरनिटी लीव के लिए आवेदन किया, लेकिन विभाग छुट्टी मंजूर नहीं कर रहा।
उसने एक मामले का हवाला भी दिया था कि हाईकोर्ट पहले भी महिला कर्मचारी को तीसरे मैटरनिटी लीव के लिए हकदार बता चुका है, ऐसे में उसे छुट्टी देने से इनकार करना सरासर गलत है।
जस्टिस दीपक सिब्बल की बेंच ने विभाग को आदेश दिया है कि चित्रा की छुट्टी मंजूर की जाए। इस याचिका का निपटारा तो कर ही दिया है, लेकिन बेंच ने डायरेक्टर एलीमेंटरी एजुकेशन व मुख्य सचिव को नोटिस जारी कर पूछा है कि पहले आदेश होने के बावजूद छुट्टी की अर्जी मंजूर क्यों नहीं की गई और क्यों न उनके खिलाफ अवमानना याचिका चलाई जाए।