पंजाब में पराली जलाने का सिलसिला थमता नहीं दिख रहा है। लगातार किसान खेतों में पराली जला रहे हैं। ताजा तस्वीरें पंजाब के तरनतारन के भुर्ज गांव की हैं। यहां किसान खेतों में पराली जलाने में जुटे हुए हैं। एक किसान का कहना है कि पराली जलाने और बढ़ते प्रदूषण के लिए सरकार जिम्मेदार है।
सरकार ने हमें कोई विकल्प नहीं दिया है। अभी कुछ दिन पहले ही अमृतसर के घरी गांव से भी पराली जलाने की तस्वीरें सामने आईं थीं। बता दें कि पंजाब में पराली जलाने के मामलों में इस बार पिछले साल के मुकाबले 280 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है।
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक पिछले साल पंजाब में 21 सितंबर से 12 अक्तूबर तक 775 पराली जलाने की घटनाएं हुई थीं जो इस साल 2,873 तक पहुंच गई हैं। वहीं, हरियाणा में 25 सितंबर से 14 अक्तूबर तक 1386 से अधिक जगहों पर पराली जलाई जा चुकी है।
हरियाणा के 1386 जगह जलाईं पराली
हरियाणा में 25 सिंतबर से 14 अक्तूबर तक 1386 से अधिक जगहों पर पराली जलाई जा चुकी है। इसके लिए सरकार ने किसानों के चालान करने भी शुरू कर दिए हैं। किसानों की इस हरकत पर सैटेलाइट से नजर भी रखी जा रही है। सरकार को यही चिंता सता रही है कि पराली जलाने का यह सिलसिला यदि दिवाली तक यूं ही चलता रहा तो प्रदेश की आबोहवा पर बहुत बुरा असर पड़ेगा।