हरियाणा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के कई फैक्टर फेल हो गए। इस वजह से यहां नमो का जादू चल गया। कांग्रेस के विकास के वादे धराशाई हो गए और नौकरियों में क्षेत्रवाद भी काम नहीं आया।
हरियाणा गठन से लेकर अब तक दूसरे दलों को समर्थन देने वाली भाजपा पहली बार हरियाणा में सरकार बनाएगी। हुड्डा सरकार द्वारा बांटी गईं रेवड़िया कांग्रेस के काम नहीं आई। जनता ने मोदी के नाम पर हरियाणा में जी खोल कर मतदान किया।
दक्षिण हरियाणा से लेकर उत्तर हरियाणा तक नमो का जादू देखने को मिला है। कालका से लेकर बल्लभगढ़ तक भाजपा में प्रदेश की जनता ने अपना भरोसा जताया है।
यहां तक कि मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र रोहतक में भाजपा कमल खिलाने में कामयाब रही है। विकास में भेदभाव कांग्रेस की हार का बड़ा कारण रहा है।
नौकरियों में भेदभाव का मुद्दा हावी
नौकरियों में भेदभाव का मुद्दा इन चुनाव में हावी रहा है। विपक्ष द्वारा लगाए गए विकास के भेदभाव के आरोप भी चुनाव में जनता के दिलो दिमाग पर हावी रहे।
सरकार के खिलाफ सबसे ज्यादा भड़ास उत्तर हरियाणा के लोगों ने निकाली और कांग्रेस का सफाया किया। हालांकि राई, गन्नौर, गोहाना, झज्जर, किलोई और महम जैसी सीटें बचाने में कांग्रेस कामयाब रही है।
जीटी रोड बेल्ट पर भाजपा का झंडा मतगणना के पहले ही राउंड में लहलहाना शुरू हो गया था। दोपहर दो बजे तक हरियाणा की 25 सीटों पर भाजपा अपनी जीत दर्ज करवा चुकी थी।
उत्तर हरियाणा में रणदीप सिंह सुरजेवाला जैसे तैसे अपनी सीट बचाने में कामयाब रहे हैं। जबकि जीटी रोड बेल्ट में गन्नौर से कुलदीप शर्मा ने जीत दर्ज करवाई है। शिक्षा मंत्री गीता भुक्कल भी झज्जर से अपनी सीट बचाने में कामयाब रही हैं।
उत्तर से दक्षिण हरियाणा तक मोदी लहर
हरियाणा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के कई फैक्टर फेल हो गए। इस वजह से यहां नमो का जादू चल गया। कांग्रेस के विकास के वादे धराशाई हो गए और नौकरियों में क्षेत्रवाद भी काम नहीं आया।
हरियाणा गठन से लेकर अब तक दूसरे दलों को समर्थन देने वाली भाजपा पहली बार हरियाणा में सरकार बनाएगी। हुड्डा सरकार द्वारा बांटी गईं रेवड़िया कांग्रेस के काम नहीं आई। जनता ने मोदी के नाम पर हरियाणा में जी खोल कर मतदान किया।
दक्षिण हरियाणा से लेकर उत्तर हरियाणा तक नमो का जादू देखने को मिला है। कालका से लेकर बल्लभगढ़ तक भाजपा में प्रदेश की जनता ने अपना भरोसा जताया है।
यहां तक कि मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र रोहतक में भाजपा कमल खिलाने में कामयाब रही है। विकास में भेदभाव कांग्रेस की हार का बड़ा कारण रहा है।
नौकरियों में भेदभाव का मुद्दा हावी
नौकरियों में भेदभाव का मुद्दा इन चुनाव में हावी रहा है। विपक्ष द्वारा लगाए गए विकास के भेदभाव के आरोप भी चुनाव में जनता के दिलो दिमाग पर हावी रहे।
सरकार के खिलाफ सबसे ज्यादा भड़ास उत्तर हरियाणा के लोगों ने निकाली और कांग्रेस का सफाया किया। हालांकि राई, गन्नौर, गोहाना, झज्जर, किलोई और महम जैसी सीटें बचाने में कांग्रेस कामयाब रही है।
जीटी रोड बेल्ट पर भाजपा का झंडा मतगणना के पहले ही राउंड में लहलहाना शुरू हो गया था। दोपहर दो बजे तक हरियाणा की 25 सीटों पर भाजपा अपनी जीत दर्ज करवा चुकी थी।
उत्तर हरियाणा में रणदीप सिंह सुरजेवाला जैसे तैसे अपनी सीट बचाने में कामयाब रहे हैं। जबकि जीटी रोड बेल्ट में गन्नौर से कुलदीप शर्मा ने जीत दर्ज करवाई है। शिक्षा मंत्री गीता भुक्कल भी झज्जर से अपनी सीट बचाने में कामयाब रही हैं।