चंडीगढ़। नगर निगम आयुक्त से झगड़ा और उनके पीए के साथ भाजपा नेताओं द्वारा किए गए दुर्व्यवहार के खिलाफ कर्मचारी संगठनों में उबाल आ गया है। कर्मचारी संगठनों का कहना है कि भाजपा नेताओं पर यदि एफआईआर दर्ज नहीं होती है तो सभी कर्मचारी कलम छोड़ हड़ताल करेंगे।
उन्होंने कहा कि भाजपा नेताओं के द्वारा कर्मचारियों पर गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कर्मचारियों को उनके काम के जगह पर थप्पड़ पड़ेगा तो कर्मचारी काम किस प्रकार कार्य करेंगे। इससे कर्मचारियों और उनके परिवार के सदस्यों का मनोबल कमजोर होगा। भाजपा नेताओं को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। जानकारी के अनुसार बुधवार सुबह दस बजे से ही नगर निगम कार्यालय में कर्मचारियों का प्रदर्शन हो सकता है। आर्डिनेशन कमेटी ऑफ गवर्नमेंट एंड एमसी इंप्लाइज एंड वर्कर्स के महासचिव राकेश कुमार ने कहा कि यदि एफआईआर नहीं हुई तो बुधवार को कलम छोड़ हड़ताल होगी। कर्मचारी सुबह दस बजे से ही अपने सीट पर तो होंगे लेकिन काम नहीं करेंगे। कोआर्डिनेशन कमेटी ने इस संबंध में नगर निगम आयुक्त को मिलकर एक पत्र भी दिया है जिसमें बुधवार को कलम छोड़ हड़ताल होने की बात कही है।
इंटक के उप प्रधान हरजिंदर सिंह, एमसी इंप्लाइज यूनियन के प्रधान अजीत सिंह, कमिश्नर ऑफिस यूनियन के प्रधान रजिंदर सिंह, फायर यूनियन के प्रधान सचिन कुमार और ज्वाइंट एक्शन कमेटी ऑफ चंडीगढ़ एडमिनिस्ट्रेशन एंड वर्कर्स के संयोजक अश्वनी कुमार ने कहा है कि भाजपा नेताओं को यह शोभा नहीं देता। भाजपा नेता यदि कर्मचारियों के साथ मारपीट पर उतारू होंगे तो कर्मचारी किस प्रकार काम करेंगे। अश्वनी कुमार ने कहा कि यदि कोई अधिकारी किसी से नहीं मिलना चाहता है तो इसमें कर्मचारी या अधिकारी के पीए की क्या गलती है। भाजपा नेताओं को इस बात को समझना चाहिए कि हंगामा और गुंडागर्दी करने से शहर नहीं चलता है।