राज्य के औद्योगिक क्षेत्र की बिजली दरों में भी परिवर्तन हुआ है। इसके तहत 20 किलोवाट तक क्षमता वाले छोटे उद्योगों के लिए बिजली दर 5.37 रुपये प्रति यूनिट से बढ़ाकर 5.67 रुपये प्रति यूनिट कर दी गई। इस वर्ग में मध्यम सप्लाई (20-100 किलोवाट) वाले उपभोक्ताओं के लिए बिजली
दर 5.80 रुपये प्रति यूनिट से बढ़ाकर 6.10 रुपये प्रति यूनिट कर दी गई है। लार्ज सप्लाई वाले सामान्य उद्योगों (100-1000 किलोवाट तक) के लिए 6.05 रुपये प्रति यूनिट की दर को बढ़ाकर 6.45 रुपये प्रति यूनिट, 1000-2500 किलोवाट तक 6.15 रुपये के बजाय 6.55 रुपये प्रति यूनिट
और 2500 किलोवाट से अधिक के खपतकारों के लिए नई बिजली दर 6.27 के बजाय 6.67 रुपये प्रति यूनिट की है। पीआईयू उद्योगों के लिए बिजली की प्रति यूनिट दरों में 40 पैसे का इजाफा किया गया है। रात के समय औद्योगिक खपतकारों को मिलने वाली बिजली दरों को 4.86 रुपये प्रति यूनिट से बढ़ाकर 5.24 रुपये प्रति यूनिट कर दिया गया है।
मुफ्त बिजली योजना पर असर नहीं: सीएम
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राज्य में नई बिजली दरों को लेकर स्पष्ट किया है कि सरकार द्वारा प्रति माह 300 यूनिट मुफ्त बिजली की योजना पर इसका प्रभाव नहीं पड़ेगा और बिजली दरों में बढ़ोतरी का खर्च राज्य सरकार अदा करेगी। मुख्यमंत्री ने ट्वीट किया कि आम लोगों पर इसका बोझ नहीं पड़ने दिया जाएगा और प्रति माह 300 यूनिट वाली योजना के एक भी मीटर पर असर नहीं पड़ेगा।
इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग होगी महंगी
राज्य में इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग स्टेशनों को भी अब बिजली महंगी मिलेगी। इसके लिए मौजूदा छह रुपये प्रति यूनिट की दर को बढ़ाकर 6.28 रुपये कर दिया गया है। इनके अलावा श्री हरमंदिर साहिब और श्री दुर्ग्याना मंदिर को पहले की तरह 2000 यूनिट मुफ्त बिजली मिलती रहेगी लेकिन 2000 यूनिट से ऊपर लागू 6.11 रुपये प्रति यूनिट की दर को बढ़ाकर 6.41 रुपये प्रति यूनिट कर दिया गया है।
पंजाबियों से आप सरकार का नया धोखा: भाजपा
पंजाब भाजपा के उपाध्यक्ष और पूर्व विधायक अरविंद खन्ना ने पंजाब सरकार द्वारा बिजली दरों में बढ़ोतरी के फैसले की आलोचना की और कहा है कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार की कथनी और करनी में बहुत अंतर है। उन्होंने कहा कि मुफ्त बिजली देने का दावा करने वाली आप सरकार, गर्मी में बिजली महंगी कर अपना ही वादा भूल गई और साबित कर दिया कि यह सरकार अपने वादे पूरे करने में बड़ा कीर्तिमान स्थापित करेगी।
अरविंद खन्ना ने कहा कि सरकार ने जालंधर की जीत का तोहफा पंजाबियों को बिजली बिलों में बढ़ोतरी के रूप में दिया है। उन्होंने कहा कि पहले औद्योगिक बिजली दरों में वृद्धि की गई थी और अब घरेलू बिजली दरों में 56 पैसे प्रति यूनिट की वृद्धि की गई है। खन्ना ने कहा कि सरकार ने पंजाबियों को कदम दर कदम धोखा दिया है।