भाजपा के नए प्रदेश अध्यक्ष के जल्द चुने जाने की उम्मीद नहीं है। ऐसे में वर्तमान अध्यक्ष संजय टंडन अपनी कुर्सी पर बने रहेंगे। पार्टी प्रभारी प्रभात झा ने रविवार को प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में इसके संकेत दिए।
नेताओं और कार्यकर्ताओं को उम्मीद थी कि पार्टी प्रभारी एवं राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभात झा बताएंगे कि नया प्रदेश अध्यक्ष की घोषणा कब तक हो जाएगी लेकिन पार्टी प्रभारी ने इसका कोई खुलासा नहीं किया बल्कि प्रभात झा ने वर्तमान अध्यक्ष संजय टंडन की कारगुजारी की प्रंशसा भी की।
वर्तमान अध्यक्ष संजय टंडन का कार्यकाल जनवरी माह में ही समाप्त हो चुका है। सविधान के अनुसार टंडन तीसरी बार अध्यक्ष नहीं सकते है। टंडन पिछले छह साल से लगातार अध्यक्ष है। पूर्व केंद्रीय मंत्री हरमोहन धवन और पूर्व सांसद सत्यपाल जैन का गुट चाहता है कि जल्द से जल्द नए अध्यक्ष की घोषणा हो जाए।
अब नए प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव नही होना है बल्कि राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की ओर से मनोनीत किया जाना है। पहले यह उम्मीद थी कि 10 अप्रैल तक मनोनीत कर दिया जाएगा लेकिन अब ऐसी संभावना नहीं है।
चंडीगढ़ भाजपा इस माह स्थापना दिवस के अलावा चार अलग अलग कार्यक्रम करने जा रही है। इससे पहले मेयर चुनाव से पहले नए प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव टल चुका है। मेयर चुनाव के बाद जनवरी माह में अध्यक्ष चुनाव टला है।
पार्टी प्रभारी प्रभात झा का कहना है कि अध्यक्ष जब भी बदला जाए लेकिन पार्टी का काम इसी तरह से जारी रहेगा। उनका कहना हे कि सही समय पर नियुक्ति भी हो जाएगी। उनका कहना है कि सविधान के अनुसार टंडन तीसरी बार अध्यक्ष नहीं बन सकते हैं।
निगम चुनाव तक भी टल सकता है अध्यक्ष का मामला
इस साल दिसंबर माह में नगर निगम चुनाव है। ऐसे में नए अध्यक्ष के नियुक्त होने का मामला दिसंबर तक भी टल सकता है। नवंबर माह में टिकट आवंटन के लिए मंथन शुरू हो जाएगा। पार्टी चाहती है कि नगर निगम में बहुमत हासिल किया जाए इसलिए टंडन दिसंबर माह तक भी अध्यक्ष रह सकते हैं।
उधर पार्टी की ओर से नगर निगम चुनाव को लेकर एक तीन सदस्य कमेटी का गठन किया है जो कि हर वार्ड में जीतने वाले दावेदारों की सूची भी तैयार करेंगे। इस कमेटी में भी संजय टंडन के अलावा सांसद किरण खेर और मेयर अरुण सूद को शामिल किया गया है। पिछला नगर निगम चुनाव भी संजय टंडन के नेतृत्व में लड़ा गया था।
राष्ट्रीय कार्यकारिणी में शामिल होने की चर्चा
यह भी चर्चा है कि जब तक भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी का गठन नहीं हो जाता तब तक संजय टंडन प्रदेश अध्यक्ष की कुर्सी पर विराजमान रहेंगे। टंडन को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में जगह मिलने की उम्मीद है।