अब डेथ सर्टिफिकेट मिलते ही वोटर लिस्ट से नाम कट जाएगा। मुख्य चुनाव आयुक्त नसीम जैदी ने यह एलान किया। अब देश के हर जिले के जन्म-मृत्यु पंजीकरण विभाग को भारतीय निर्वाचन आयोग कार्यालय के साथ जोड़ा जाएगा। जब किसी व्यक्ति की मौत का सर्टिफिकेट जारी किया जाएगा तो उसी समय मृतक का नाम भी वोटर सूची से कट जाएगा।
इस अभियान की शुरुआत पंजाब से की जाएगी। अमृतसर और तरनतारन में विभिन्न पार्टियों के प्रतिनिधियों के साथ एक संयुक्त बैठक के दौरान जैदी ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि किसी व्यक्ति की मौत के बाद उसका नाम वोटर सूची से कटवाने की जिम्मेदारी मृतक के परिवार पर नहीं छोड़ी जा सकती।
इस काम के लिए जन्म-मृत्यु पंजीकरण विभाग की सहायता ली जाएगी। जैसे ही डेथ सर्टिफिकेट जारी होगा, मृतक का नाम स्वत: वोटर सूची से कट जाएगा। नई तकनीक का इस्तेमाल कर सारे सिस्टम को लागू किया जाएगा।
चुनाव आयोग यह अभियान पंजाब से शुरू करेगा। पंजाब के प्रत्येक जिले से ई-जिला योजना के तहत यह पायलट प्रोजेक्ट चलाया जाएगा। अगर यह कामयाब रहा तो इसे सारे देश में लागू कर दिया जाएगा।