मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने पानीपत ग्रामीण व इसराना हलके में जनसभाओं में इनेलो व भाजपा पर हमला बोला और कांग्रेस की तीसरी बार सरकार बनने पर सब वादों को पूरा करने व विकास को दोगुनी स्पीड से चलाने का दावा किया।
उन्होंने सभी दावेदारों को एक साथ होकर मन से प्रचार-प्रसार में करने की सलाह दी और सरकार बनने पर विधायक के समान दर्जा देने का भरोसा दिलाया।
मुख्यमंत्री हुड्डा ने सोमवार को सबसे पहली जनसभा पानीपत ग्रामीण हलके के सिवाह में की। वे यहां पर पार्टी प्रत्याशी खुशीराम जागलान के समर्थन में पहुंचे। मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा यहां पर भाजपा व इनेलो को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की अनदेखी से प्रदेश के किसानों को धान का पूरा रेट नहीं मिल रहा।
भाजपा सरकार के चलते आज धान सस्ता और चावल महंगा मिल रहा है। यहीं हाल कपास का है। धान व कपास उत्पादक किसानों को प्रति क्विंटल एक से डेढ़ हजार रुपये का घाटा उठाना पड़ रहा है। उन्होंने भाजपा के अच्छे दिन आने के नारे पर चुटकी ली और कहा कि मंडी में पांच रुपये में टमाटर तोलकर नहीं बल्कि काटकर दिया जा रहा है।
काला धन पर भाजपा को घेरा
उन्होंने काला धन लाने के दावे पर तीखी टिप्पणी करते हुए कहा कि वे सौ दिन में काला धन लाने की बात करते थे, लेकिन अब तक काला धन नहीं आ सका है। आया है तो भाजपा काले धन को देश की जनता के सामने लेकर आएं।
हुड्डा ने कहा कि भाजपा का चेहरा बेनकाब हो गया है और उत्तराखंड और राजस्थान के लोग कुछ दिनों में भाजपा के दावों को समझ भी गए। दोनों प्रदेशों के लोगों ने भाजपा की सीटों को उप चुनाव में छीनकर कांग्रेस की झोली में डाल दी। अब बारी प्रदेश की जनता की है।
प्रदेश की जनता को फैसला करना है कि उनको भाजपा का साथ देकर कड़वा घूट पीना है या कांग्रेस को तीसरी बार सरकार में लाकर विकास व रोजगार की गाड़ी में चढ़ना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ओमप्रकाश चौटाला कहते हैं कि मुख्यमंत्री बना दो जेल में शपथ ले लूंगा। जबकि उनके पास कानूनी रूप से चुनाव लड़ने और संवैधानिक रूप से मुख्यमंत्री बनने तक का अधिकार नहीं है।
इस मौके पर पूर्व मंत्री बिजेंद्र सिंह बिल्लू, डा. कर्ण सिंह कादियान, तेजबीर जागलान, महाबीर डिडवाड़ी, सुरेंद्र मलिक, दीपक खटखड़, सचिन कुंडू, ओमबीर पंवार, दीपचंद फुलिया, नैनपाल राणा, धर्मेंद्र अहलावत, सरोज सांगवान, प्रेम सचदेवा, महेंद्र कादियान, सुरेश पर्मा, जगमंद्र बिंझौल, डा. राजबीर सिंह, नाना राम, मंगत सैनी, रामरत्न, धर्मपाल कादियान, ईश्वर सिंह व मुकेश सैनी सरपंच मौजूद रहे।