उन्होंने कहा कि खरीद एजेंसियों को अगले तीन दिनों में मंडियों से गेहूं का उठान करवाने के सख्त निर्देश दिए गए है। जिन अधिकारियों ने गेहूं उठान में लापरवाही बरती तो उनके खिलाफ एक्शन लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि वन नेशन, वन राशन कार्ड की पॉलिसी को अपनाने में हरियाणा अग्रणी राज्य है और राज्य सरकार ने केंद्रीय खाद्य और आपूर्ति मंत्री रामबिलास पासवान से आग्रह भी किया है कि वन नेशन, वन राशन कार्ड की पॉलिसी के तहत अन्य राज्यों को भी जोड़ा जाए। ताकि ऐसे संकट के समय में जरूरतमंदों तक राशन पहुंचाने के लिए एक राज्य दूसरे राज्य से ऑनलाइन डाटा शेयर कर सके।
एमएसएमई के लिए कलस्टर बनाए जाएंगे
डिप्टी सीमए ने बताया कि प्रदेश के 22 जिलों के अंदर सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्योगों के लिए कलस्टर बनाए जाने हैं। अंबाला में साइंस ट्रेड को बढ़ावा देने का प्रस्ताव आया है। रेवाड़ी और यमुनानगर में पीतल इंडस्ट्री को बढ़ावा दिया जाएगा। इसी प्रकार सिरसा में किस औद्योगिक कलस्टर को बढ़ावा दिया जाए, उसके लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए है।
डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने कहा कि सरकार ने अपनी अंतिम नोटिफिकेशन में बदलाव किया है। जिसके तहत प्रदेश के पंचायती जमीन पर धान की खेती नहीं की जाएगी। साथ ही 12 ब्लॉक में जिन गांवों में भूमिगत जल स्तर 35 मीटर की गहराई से ज्यादा है। वे गांव इसके दायरे में है। सिरसा ब्लॉक के 13 गांव ऐसे हैं जिनमें भूमिगत जल स्तर 35 मीटर से ज्यादा गहरा है। वहीं अगर पंचायती जमीन को पट्टे पर देने के बाद राजस्व कम होता है तो सात हजार रुपये प्रति एकड़ इंसेटिव पंचायत के खाते में भेजा जाएगा।