चंडीगढ़। शहर में ठंड और धुंध के डबल अटैक ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। शुक्रवार को सीजन का सबसे घना धुंध दर्ज किया गया, जिसमें विजिबिलिटी कई इलाकों में मात्र 40 मीटर तक सिमट गई। दिनभर धूप खिलने के बावजूद अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री कम 16 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं, पूरे दिन एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 300 के पार रहने से प्रदूषण ने भी हालात गंभीर बना दिए। 5 जनवरी से पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की संभावना के बीच मौसम और ठंडा हो सकता है।
शहर में सर्दी और प्रदूषण का प्रभाव तेज होता जा रहा है। शुक्रवार को सीजन का सबसे घना कोहरा दर्ज किया गया, जिसने पूरे शहर को चपेट में ले लिया। विजिबिलिटी कई इलाकों में केवल 40 मीटर तक रह गई, जिससे सुबह के समय यातायात पर बड़ा असर पड़ा। धुंध के कारण वाहनों की रफ्तार धीमी रही। दिनभर हल्की धूप खिलने के बावजूद ठंड का असर जारी रहा। अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री कम 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, न्यूनतम तापमान 10.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से तीन डिग्री अधिक है।
लोग घरों में रहने के लिए मजबूर
ठंड और धुंध की इस स्थिति ने लोगों को घरों में रहने पर मजबूर कर दिया। धुंध की वजह से हादसों का खतरा बन गया है। शहर में सर्दी के साथ-साथ प्रदूषण का स्तर भी बहुत खराब की स्थिति में पहुंच गया है। विशेषज्ञों के अनुसार, ठंड और कोहरे के कारण प्रदूषक कण वातावरण में फंसे रहते हैं, जिससे एयर क्वालिटी खराब हो जाती है।
और गिरेगा तापमान
मौसम विभाग के अनुसार, 5 जनवरी से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है। इसके प्रभाव से चंडीगढ़ और आसपास के इलाकों में तापमान में और गिरावट आने की संभावना है। इस विक्षोभ के कारण 6 जनवरी को हल्की बारिश होने की भी संभावना है, जिससे वायु गुणवत्ता में सुधार हो सकता है। प्रदूषण और ठंड के इस मौसम में स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
सांस के मरीजों और बुजुर्गों को विशेष ध्यान रखने की हिदायत
सांस की समस्याओं से जूझ रहे लोगों और बुजुर्गों को विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। चंडीगढ़ में सर्दी और प्रदूषण का यह डबल अटैक फिलहाल जारी रहने की संभावना है। ऐसे में शहरवासियों को सतर्क रहने की जरूरत है।