मनीमाजरा के बाजार में पुराने पारंपरिक बर्तन।
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धनतेरस पर धन वर्षा के लिए शहर के बाजार पूरी तरह से सज चुके हैं। कारोबारियों का कहना है कि शनिवार को दोपहर 12 बजे के बाजार में धनतेरस शुरू हो जाएगा। जीएसटी स्लैब में दी गई छूट से इस बार बाजार पिछले साल की तुलना में काफी अच्छा होने की उम्मीद जताई जा रही है। खासकर सर्राफा, बर्तन और ऑटोमोबाइल सेक्टर पर सबकी नजरें है। कार और बाइक में 28 की जगह 18 फीसदी जीएसटी होने के बाद लोगों के लाखों रुपये बच रहे है। चंडीगढ़ व्यापार मंडल के अध्यक्ष संजीव चड्डा ने बताया कि शनिवार को धनतेरस को लेकर सभी बाजारों में तैयारी पुरी हो गई है। उम्मीद है कि कारोबार पिछले साल की तुलना में बेहतर होगा।
ऑटोमोबाइल सेक्टर में उम्मीद जताई जा रही है कि शहर के अलग- अलग शोरूम को मिलाकर करीब 1000 से ज्यादा गाड़ियां धनतेरस से लेकर दिवाली तक बाजार में उतर जाएंगी। शोरूम मालिकों का कहना है कि एक दिन पहले से ही गाड़ियों की डिलीवरी जारी है। गाड़ियां तैयार कर ली गई है, त्योहार के समय कस्टमर को बस चाबी देने का काम किया जाएगा, जिससे कि समय कम लगे।
चंडीगढ़ रीजन ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष रंजीव दहूजा का कहना है कि कस्टमर दो दिन धनतेरस माना रहा है। दो दिनों में उनके यहां करीब 600 से ज्यादा गाड़ियों की डिलीवरी होनी है। पिछले साल धनतेरस पर करीब 600 गाड़ियों की डिलीवरी हुई थी, ऐसे में इस बार यह संख्या 1000 के पार पहुंच सकती है।
हजार रुपये में सोने का सिक्का
सर्राफा बाजार में सोना- चांदी का भाव पिछले साल से करीब दोगुना होने के बाद भी अच्छी बिक्री की उम्मीद है। सुंदर ज्वेलर्स के मालिक महेन्द्र खुराना ने बताया कि कि उनके पास एक हजार रुपये में भी सोने के सिक्के मौजूद है। सोना इस समय 1 लाख 36 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी करीब 1 लाख 80 हजार रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है। पिछले साल करीब 100 किलो सोना बिका था। ऐसे में अगर इस बार भी यह संख्या पहुंच जाए तो शहर में करीब 136 करोड़ रुपये से ज्यादा का कारोबार होने की उम्मीद है। चांदी और बाकी सामान जोड़ दिया जाए तो कारोबार 200 करोड़ के पार जा सकता है। महेंद्र सुराना का कहना है कि सोने और चांदी की कीमतें बढ़ने के बावजूद ग्राहक मौजूद हैं और लोग निवेश के हिसाब से खरीदारी कर रहे हैं। उनका अनुमान है कि धनतेरस पर बाजार में बेहद अच्छा कारोबार देखने को मिलेगा। हालांकि मनीमाजरा के आत्माराम ज्वैलर्स के मालिक मनप्रीत का कहना है कि महंगाई का असर पड़ा है। बाजार में इस बार शादी के दौरान खरीददारी करने वाले कस्टमर ज्यादा है।
बीते वर्ष 600 करोड़ का हुआ था कारोबार
विशेषज्ञों का अनुमान है कि इस साल 20% अधिक कारोबार धनतेरस तक दर्ज हो सकता है। पिछले साल करीब 600 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ था। ऐसे में इस बार कारोबार करीब 720 से 750 करोड़ रुपये तक जाने की संभावना है। जीएसटी स्लैब में आई छूट इसकी मुख्य वजह है। शहर में सेक्टर 22, सेक्टर 19, सेक्टर 21, सेक्टर 37 और सेक्टर 15 में खरीदारों की भीड़ चार-पांच गुना बढ़ गई है। भीड़ के चलते कई जगह लोग सड़क किनारे गाड़ियां खड़ी करने लगे, लेकिन स्कूलों की छुट्टी के बाद सेक्टर 22 में पार्किंग की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। इलेक्ट्रानिक कारोबारी अजय झा का कहना है कि धनतेरस की तैयारी पूरी तरह से की गई है। कस्टमर के लिए स्पेशल छूट भी दिया जा रहा है। जीएसटी स्लैब में छूट मिलने से टीवी, फ्रीज, एसी समेत सभी सामान सस्ते हुए हैं। ऐसे में उम्मीद है कि इस बार कस्टमर पिछले साल की तुलना में ज्यादा होगा।