चंडीगढ़। केंद्र सरकार ने नई नियुक्तियों पर रोक लगा रखी है लेकिन इसका पालन खुद चंडीगढ़ स्वास्थ्य विभाग ही नहीं कर रहा है। समस्या समाधान वेलफेयर एसोसिएशन ने पीएम समेत कई बड़े नेताओं व अधिकारियों को पत्र भेजकर विभाग की पोल खोली है। उन्होंने कहा है कि कांट्रेक्ट के आधार पर की जा रही प्रशासनिक निदेशक की नियुक्ति पर रोक लगाई जाए।
एसोसिएशन की ओर से लिखे गए पत्र में कहा गया है कि वित्त मंत्रालय ने आर्थिक सुुधारों के तहत चार सितंबर को एक आदेश जारी किया है। उसमें भारत सरकार के सभी दफ्तरों के खर्चों पर लगाम लगाने और भर्ती के लिए नए पद सृजित न करने के आदेश दिए हैं। नई भर्तियों पर रोक लगाने की बात भी कही गई है लेकिन चंडीगढ़ स्वास्थ्य विभाग ने आदेशों को दरकिनार करते हुए नेशनल हेल्थ मिशन में प्रशासनिक निदेशक का पद सृजित कर दिया और 23 सितंबर को उसके लिए साक्षात्कार किए जा रहे हैं। यह पद कांट्रेक्ट के आधार पर भरा जा रहा है। इस पद पर नियुक्त होने वाले अधिकारी को एक लाख से अधिक की पगार दी जाएगी। नियमों को तार-तार करने वाले लोगों पर कार्रवाई हो और भर्ती रद्द की जाए।