दिल्ली विधानसभा चुनाव के मद्देनजर भाजपा और जजपा का दिल्ली में भी गठबंधन हो सकता है। हालांकि जजपा ने दिल्ली में चुनाव लड़ने का एलान कर दिया है, मगर चुनाव अकेले लड़ना है या अपने सहयोगी भाजपा के साथ। इसका फैसला जजपा सुप्रीमो करेंगे। उधर, दूसरी ओर भाजपा ने दिल्ली विधानसभा चुनाव के मद्देनजर जजपा से गठबंधन के संकेत दे दिए हैं। हरियाणा में भी जजपा और भाजपा सहयोगी हैं और दोनों ने मिलकर सरकार बनाई है।
सोमवार को दिल्ली में मीडिया से बातचीत करते हुए हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि दिल्ली चुनाव के लिए विभिन्न राज्यों के भाजपा नेताओं की ड्यूटियां लगाई गई हैं। हरियाणा से सटी दिल्ली की 17 विधानसभा सीटें ऐसे हैं, जहां हरियाणा के मंत्रियों, विधायकों व अन्य नेताओं की भी ड्यूटियां लगाई गई हैं। सीएम ने कहा कि सूबे के नेताओं ने दिल्ली में चुनावी मोर्चा संभालना शुरू कर दिया है।
सीएम के अनुसार जजपा दिल्ली में अपनी ताकत के साथ चुनाव लड़ना चाहती है। मगर भाजपा चाहती है कि इस बार दिल्ली की जनता कांग्रेस व आम आदमी पार्टी की बजाए उसे मौका दे। इसलिए जजपा और भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व के बीच मुलाकात चल रही है। संभव है कि दोनों दल दिल्ली में एक होकर चुनाव लड़े और दोनों दलों में गठबंधन हो जाए।
इसी के मद्देनजर गत दिवस हरियाणा के उपमुख्यमंत्री व जजपा नेता दुष्यंत चौटाला ने बीजेपी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा से भी मुलाकात की थी। जिसमें भाजपा-जजपा गठबंधन को लेकर चर्चा हुई। इससे पूर्व शनिवार को जजपा दिल्ली में बैठक कर दिल्ली चुनाव लड़ने का एलान कर चुकी है। चुनाव किसके साथ और किन शर्तों पर लड़ना है, इसका अंतिम फैसला जजपा सुप्रीमो पूर्व सांसद डा. अजय चौटाला करेंगे। बहरहाल, दिल्ली में भाजपा-जजपा की दोस्ती की तस्वीर बहुत जल्द साफ हो जाएगी।