पंजाब विधानसभा में बुधवार को बजट प्रस्ताव पर बहस में हिस्सा लेते हुए विपक्षी सदस्यों ने जहां बजट को किसानों और आम लोगों से भद्दा मजाक करार दिया, वहीं सत्ता पक्ष के सदस्यों ने इसे जमकर सराहा। बहस वीरवार को भी जारी रहेगी।
बहस की शुरुआत करते हुए विपक्ष के नेता एचएस फूलका ने वर्ष 2017-18 के लिए सरकार की ओर से लाए गए बजट को उद्देश्यहीन, दिशाहीन, जनता से मजाक करार देते हुए कहा कि अगर यही बजट है तो सरकार गवर्नर एड्रेस से ही काम चला लेती। उन्होंने कहा कि बजट से साफ है कि कांग्रेस पार्टी ने चुनाव के दौरान जनता से जो वादे किए थे, उनसे मुकर गई है। उन्होंने कहा कि बजट में कृषि, सेहत, शिक्षा, कमजोर वर्ग के कल्याण, रोजगार, सामाजिक पेंशन का जिक्र करें तो सरकार ने इतने कम पैसे की व्यवस्था की है कि इससे वेतन तक नहीं दिया जा सकेगा। उन्होंने 10.20 लाख किसानों के कर्ज माफ करने के लिए केवल 1500 करोड़ रुपये रखे गए हैं।
इस तरह हर किसान का केवल 14285 रुपये का कर्ज ही माफ हो सकेगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने डीएसडीपी का 6 फीसदी हिस्सा शिक्षा पर खर्च करने का वादा किया था, लेकिन बजट में केवल 2.3 फीसदी हिस्सा ही दिया गया है। फूलका ने कांग्रेस के घर-घर रोजगार के वादे का जिक्र करते हुए कहा कि बजट में खाली पदों और नई भर्ती के लिए भी कोई प्रबंध नहीं किया गया बल्कि इस मद में पिछले साल 19799 करोड़ को बढ़ाकर 20872 करोड़ कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि यह बढ़त तो मौजूदा कर्मचारियों को इंक्रीमेंट में ही चली जाएगी। नई भर्ती कैसे होगी?
punjab assembly session
बहस में हिस्सा लेते हुए अकाली दल के विधायक व पूर्व वित्त मंत्री परमिंदर सिंह ढींढसा ने कहा कि बजट में बस लीपापोती की गई है। उन्होंने कहा कि खजाना खाली कहकर लोगों को गुमराह किया जा रहा है। बजट में हर मद के लिए टोकन मनी ही रखी गई है, जिससे कोई लाभ नहीं होगा।
कर्ज माफी का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने जो एलान किया था, कम से कम उतनी राशि तो बजट में रखी जाती। किसानों का जितना कर्ज है, उस पर बजट के 1500 करोड़ रुपये तो ब्याज में ही चले जाएंगे। ढींढसा ने बजट को पंजाब और सदन से धोखा करार देते हुए कहा कि पैसे ही नहीं हैं तो बजट कैसा? आप विधायक बलविंदर कौर ने बजट प्रस्ताव पर बहस में हिस्सा लेते हुए इसे जनता से मजाक बताया। उन्होंने कहा कि किसानों की कर्ज माफी के लिए बजट में 1500 करोड़ रुपये का प्रावधान मजाक के अलावा कुछ नहीं है।
कांग्रेस के सदस्यों ने बजट को सराहा
कांग्रेस के वीरेंद्र सिंगला ने बजट प्रस्ताव पर बहस में हिस्सा लेते हुए वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल द्वारा पेश किए गए बजट को सराहा। वहीं विपक्ष पर निशाने साधने का कोई मौका नहीं छोड़ा। सिंगला ने कहा कि पिछली सरकार तो राज्य में चिट्टा और चिट्टी मक्खी का ही बजट बढ़ाती रही। उन्होंने कहा कि पिछली सरकार ने जनता से लगातार झूठे वादे किए जबकि कांग्रेस ने अपने तीन महीने के शासन में ही वादे पूरे करने शुरू कर दिए हैं। उन्होंने आप सदस्यों पर निशाना साधते हुए कहा कि दिल्ली (आप) की सरकार तीन साल में भी जनता से किए वादे पूरे नहीं कर सकी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने जब सत्ता संभाली, पंजाब में वित्तीय आपातकाल के हालात थे।
कांग्रेस ने इसे संभाल लिया। उन्होंने कहा कि इस बजट से 10.25 लाख छोटे किसानों के फायदा होगा। कांग्रेस के कुलजीत नागरा ने भी बजट प्रस्ताव का समर्थन करते हुए कहा कि स्टांप ड्यूटी घटाने से किसानों और आम लोगों को राहत मिलेगी और सरकार का राजस्व भी बढ़ेगा।