बैठक में एसएसपी कुलदीप सिंह चहल ने बताया कि अपराधियों समेत गैंगस्टर्स का खाका तैयार किया गया है। पब बार को बदमाशों के शहर में आवाजाही और गैंगस्टर्स से जुड़ी खुफिया जानकारी देने को कहा गया है। इसके अलावा क्लबों के बाहर विशेष नाका और नाइट चेकिंग के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, जोकि क्लब के बाहर अक्सर लगाए जा रहे हैं।
अमर उजाला ने दी थी प्रमुखता
सोपू नेता गुरलाल बराड़ हत्याकांड के बाद अमर उजाला ने देर रात तक नियमों को ताक पर रखकर खुल रहे क्लब और बाउंसरों का मुद्दा उठाया था। इस पर प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने अब क्लब वेरिफिकेशन समेत बाउंसरों की लिस्ट तैयार करने को कहा है।
प्रोडक्शन वारंट के गैंगस्टर्स पर टिकी रहती है जांच
बता दें कि एसएसपी कुलदीप सिंह चहल के ज्वाइन करने के बाद चंडीगढ़ में गोलीकांड की पांच बड़ी वारदातों के अलावा झपटमारी वाहन चोरी समेत अन्य आपराधिक मामले सामने आए हैं। केस को सुलझाने के बजाए यूटी पुलिस आपस में ही उलझती रही। इतना ही नहीं गोलीकांड में एक भी मुख्य अपराधी तक पहुंच भी नहीं सकी। पुलिस की ज्यादातर जांच प्रोडक्शन वारंट पर लाने वाले गैंगस्टर्स पर टिकी रहती है।