चंडीगढ़ के गांव मलोया की कॉलोनी के मकान नंबर-5293 से सटे पार्क में एक एक्सयूवी कार नंबर सीएच01एएच-0087 के चालक ने वीरवार शाम तेज रफ्तार में सामने से टक्कर मारकर वहां खेल रही 4 साल की बच्ची और 5 पांच साल के बच्चे को रौंद दिया। खून से लथपथ दोनों को घर के पास के पार्क में तड़पता देख परिवार के लोग उन्हें उठाकर तुरंत पीजीआई ले गए।
डॉक्टरी जांच में बच्ची को मृत घोषित किया गया और बच्चे की हालत गंभीर बताई गई। मृत बच्ची की पहचान मलोया कॉलोनी के मकान नंबर-5290 निवासी शिफा के रूप में हुई है। शिफा प्ले वे में पढ़ती थी, जबकि घायल शिफा के ताया का पांच वर्षीय बेटा आरीज एलकेजी में पढ़ता है। थाना मलोया पुलिस ने आरोपी कार चालक पर गैर-इरादतन हत्या का केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है, जबकि परिजनों की मांग है कि आरोपी के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया जाए। आरोपी की पहचान शिकायतकर्ता परिवार के पड़ोस के मकान नंबर-5290 निवासी 35 वर्षीय जितेंदर कुमार यादव उर्फ कन्नू के रूप में हुई है। थाना एसएचओ इंस्पेक्टर प्रदीप ने आरोपी से पूछताछ करने सहित उसकी कार कब्जे में लेकर आगामी जांच शुरू कर दी है। बच्ची का शव शुक्रवार को उसके परिवार के सुपुर्द किया जाएगा।
लापरवाह तरीके से गाड़ी तेज रफ्तार में दौड़ाकर मारी टक्कर
घर से निकलकर कहीं जाने के लिए आरोपी ने पार्क में खड़ी अपनी एक्सयूवी कार स्टार्ट कर लापरवाह तरीके से उसे तेज रफ्तार में दौड़ाया। गाड़ी की रफ्तार अधिक रहने से उसने सामने खेल रही शिफा और आरीज को जोरदार तरीके से टक्कर मार दी। इससे शिफा गाड़ी के पहिए के नीचे कुचली गई और भाई आरीज भी गाड़ी के नीचे फंस कर कुछ दूर तक घसीटता गया। हादसे से कुछ देर पहले ही एक तीसरा बच्चा भी वहां खेल रहा था, लेकिन गनीमत रही कि वह हादसे से पहले दूर जा चुका था।
मां के सामने रौंदे गए बच्चे
पुलिस की गिरफ्त में आया आरोपी जितेंदर कुमार यादव।
- फोटो : अमर उजाला
मां के सामने रौंदे गए बच्चे
हादसे के समय पार्क में मृत शिफा की ताई एवं आरीज की मां शमीना भी मौजूद थी। उनके सामने ही दोनों बच्चे कार के नीचे कुचले गए। मदद के लिए उन्होंने चिल्लाते हुए दौड़कर खून से लथपथ बेटे आरीज को गाड़ी के नीचे से निकाला। लेकिन गाड़ी का पहिया शिफा के सिर से गुजर जाने के चलते वह उसे नहीं बचा सकी। रोते-बिलखते परिजन दोनों बच्चों को पीजीआई ले गए। शमीना ने पुलिस को बयान दिए कि आरोपी ने बच्चों को सामने से जोरदार टक्कर मारी। पहिए के नीचे शिफा का सिर आ गया और गाड़ी के नीचे फंसे बेटे आरीज को उन्होंने कड़ी मशक्कत से बाहर निकाला।
गुस्साए लोगों ने किया थाने का घेराव, भारी पुलिस फोर्स तैनात
झकझोर देने वाले इस दर्दनाक हादसे से गुस्साए लोगों ने आरोपी पर सख्त कार्रवाई के लिए मलोया पुलिस थाने का घेराव किया। करीब साढ़े तीन घंटे तक लोग पुलिस थाने के सामने खड़े रहे। स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए डीएसपी व अन्य विभागीय उच्चाधिकारियों के निर्देशों पर मलोया थाने के पूर्व एसएचओ इंस्पेक्टर राम रत्न शर्मा को भी मौके पर बुलाया गया।
साथ ही थाना-39 के एसएचओ इंस्पेक्टर राजदीप सिंह व सेक्टर-36 थाने के एसएचओ इंस्पेक्टर नसीब सिंह को भी मौके पर भेजे गए। गुस्साए लोगों की भीड़ देख वहां भारी पुलिस बल भी मौजूद रहा। मलोया से पार्षद राजेश कालिया और मनोनीत पार्षद सलमान खुर्शीद कार्यकर्ताओं सहित मौके पर पहुंचे। मोहल्ले वासी करीब साढ़े तीन घंटे तक थाने के बाहर डटे रहे और आरोपी पर सख्त कार्रवाई की मांग करते रहे। पुलिस अधिकारी देर शाम तक उन्हें समझाते-बुझाते रहे।