किराये के लिए अकेली महिला को मकान दिखाना खतरे से खाली नहीं। यौन उत्पीड़न के नाम पर ब्लैकमेल हो सकते हैं आप। ऐसा ही एक गिरोह सक्रिय है इन दिनों हरियाणा में, जोकि यौन उत्पीड़न का आरोप लगाकर लोगों को जाल में फंसा रहा है।
मामला उठा है हाईकोर्ट में। ऐसे एक मामले का हवाला देते हुए पुलिस पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाती एक याचिका पर जस्टिस फतेहदीप सिंह की एकल बेंच ने हरियाणा सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
दो महिलाओं ने आरोप लगाकर मांगे 25 लाख
पिहोवा के जसबीर सिंह ने एडवोकेट फतेह सैनी के माध्यम से दायर आपराधिक याचिका में कहा कि दो महिलाएं उनका मकान किराए पर लेने आईं। घर में घुसीं तो यौन उत्पीड़न का आरोप लगा दिया।
मामला पुलिस में नहीं ले जाने के एवज में 25 लाख रुपये मांगे। चार लाख दे दिए, लेकिन बाकी रकम का इंतजाम नहीं होने पर इन महिलाओं ने धमकी देकर कोठी अपने नाम करवा ली। ऐसा ही एक अन्य मामला करनाल में हुआ।
यहां भी यौन उत्पीड़न का आरोप लगाकर पैसे मांगे गए, लेकिन पुलिस ने ट्रैप लगाकर महिलाओं को दबोच लिया। याचिका में कहा गया कि करनाल मामले से खुलासा हुआ कि यह वही महिलाएं हैं, जिन्होंने जसबीर सिंह पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाकर पैसे ऐंठे और कोठी अपने नाम करवा ली।
गैंग में महिलाएं और लड़कियां शामिल
याचिका में बताया गया कि पुलिस ने करनाल मामले में खुलासा किया था कि यह 10-12 व्यक्तियों का गैंग है। गैंग में शामिल महिलाएं और कम उम्र की लड़कियां यौन उत्पीड़न का आरोप लगाकर कई व्यक्तियों को ठग चुकी हैं।
जसबीर सिंह ने याचिका में कहा कि इस खुलासे के बाद एसपी करनाल से जांच की मांग की गई। वहां से एसपी कुरुक्षेत्र से संपर्क करने को कहा गया।
यहां एसपी ने डीएसपी को जांच सौंपी, लेकिन अब तक उनके मामले में कोई कार्रवाई नहीं की। मांग की गई है कि इस मामले में एसआईटी गठित की जाए और उनके पैसे वापस दिलाए जाएं।