गुरदासपुर में अलसुबह से शुरू हुआ आतंक का साया शाम आते तक छंटा। आतंक के साये में 12 घंटे बीते। इस दौरान 7 हमले हुए। हमले में 3 आतंकी ढेर हुए।
एसपी डिटेक्टिव बलजीत सिंह सहित 7 पुलिसवाले शहीद हुए और तीन लोगों की मौत हो गई। हालांकि मरने वालों का आधिकारिक आंकड़ा 7 बताया जा रहा है।
हमले के बाद पंजाब सहित पूरे देश में हाईअलर्ट कर दिया गया है। पंजाब में सभी रेलवे स्टेशनों की सुरक्षा बढ़ाई गई। पंजाब आने-जाने वाली सभी वाहनों की सघन जांच की जा रही है। गुरदासपुर में सभी स्कूल-कॉलेज बंद करा दिए गए हैं। देश के साथ लगती सीमाओं पर चौकसी बढ़ा दी गई है।
सेना की वर्दी में आधुनिक हथियारों से लैस थे आतंकी
पहला हमला: सेना की वर्दी में आधुनिक हथियारों से लैस चार आतंकी सबसे पहले गुरदासपुर के दीनानगर में बस अड्डे के पास पहुंचे। आतंकियों ने तड़के 5 बजे सड़क किनारे बने चाय-नाश्ते के स्टॉल पर फायरिंग की।
दूसरा हमला: इसके बाद आतंकियों ने मारूति में गुजर रहे कमलजीत सिंह मथारू नामक एक व्यक्ति पर फायरिंग कर उसे जख्मी कर दिया और फिर उसे बाहर फेंक कार लेकर फरार हो गए।
तीसरा हमला: आतंकियों ने दीनानगर बायपास पर कार के अंदर से फायरिंग की। इस गोलीबारी में ढाबा चलाने वाले एक व्यक्ति की मौत हो गई।
चौथा हमला: इसके बाद आतंकियों ने दीनानगर से जम्मू जा रही एक बस को निशाना बनाया। आतंकियों की फायरिंग के कारण बस सवार 4 लोग घायल हो गए। एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई।
रेलवे ट्रैक पर 5 बम मिले सेना के जवान ने डिफ्यूज कर दिया
पांचवां हमला: आतंकियों ने दीनानगर पुलिस थाने के पास एक हेल्थ सेंटर पर पहुंचे। यहां आतंकियों ने जबर्दस्त फायरिंग की। इसमें एक महिला समेत 3 लोगों की मौत हो गई। यहां मौजूद एक पुलिसकर्मी भी शहीद हो गया।
छठा हमला: टेररिस्ट ने पुलिस थाने के पास बने एक कॉम्प्लेक्स पर बाहर से गोलियां चलाईं। यहां कई पुलिस अफसरों के परिवार रहते हैं।
सातवां हमला: सुबह 6:30 बजे के कारीब आतंकी दीनानगर पुलिस स्टेशन पहुंच चुके थे। आतंकियों ने अंधाधुंध फायरिंग कर ग्राउंड फ्लोर पर कब्जा कर लिया। अंदर से बाहर की तरफ ग्रेनेड फेंके। एके-47 से गोलियां चलाईं।
एक हमला नाकाम: रेलवे पुलिस को सुबह दीनानगर-पठानकोट रेलवे ट्रैक पर 5 बम मिले। जिसे सेना के जवान ने डिफ्यूज कर दिया।