हिसार कॉलेज की छात्रा ने न्याय न मिलने के चलते आहत होकर जान दी है। यह बात मृतक छात्रा ने अपने सुसाइड नोट में भी साफ साफ लिखी है। एफसी कॉलेज की छात्रा ने सुसाइड नोट में लिखा है कि मेरी आवाज दबा दी गई इसलिए मैंने शिकायत वापस ले ली।
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जब एसएचओ के पास पहुंची तो एसएचो ने कहा तुझे पैसे चाहिए तो दिलवा देती हूं। शिकायत करने का कोई फायदा नहीं। इससे समाज में तेरी बदनामी होगी। यह कहकर उसने शिकायत नहीं लिखी।
महिला अधिकारी ही दबा रहीं आवाज
छात्रा ने लिखा है कि एक तरफ तो हर महिला को कानून में न्याय की बात लिखी गई है, मगर महिला अधिकारी ही महिलाओं की आवाज दबा रही हैं। मुझसे यह दबाव बनाकर लिखवाया गया कि मैं ये शिकायत स्वेच्छा से वापस ले रही हूं।
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बेटी का दर्द बयां करते-करते बिलख पड़े पिता
हिसार कॉलेज में छात्रा की सुसाइड
- फोटो : अमर उजाला
सिविल अस्पताल के मुर्दाघर के सामने पिता ने बिलखते हुए कहा कि बेटी ने मुझे 17 मार्च को घर आने के बाद कहा था कि पिता आपने मुझे शिकायत देने से क्यों रोक दिया। वह लड़का मुझे जीने नहीं देगा। वह मुझे बार-बार फोन कर तंग कर रहा है। यह कह कर पिता रो पड़े।
उन्होंने कहा कि उस दिन मैं शायद मेरी बेटी को शिकायत देने से इंकार न करता तो वह ये कदम नहीं उठाती। पिता ने कहा कि वह अनपढ़ है, पुलिस वालों ने खुद एक कागज पर जो लिखा उस पर अंगूठा लगवा लिया। पहली बार उसे 13 मार्च को मामले का पता लगा। जब घर रखे लड़की के फोन पर अजय का फोन आया। उनकी आवाज सुनकर उसने हैलो हैलो कहकर फोन काट दिया था।
बेटी, दोनों बेटों की थी 6 अप्रैल को शादी
पिता ने कहा कि बेटी व दोनों बेटों की 6 अप्रैल को शादी थी। शहर के नजदीक स्थित एक गांव में उसने बेटी का रिश्ता तय किया हुआ।
हिसार कॉलेज में छात्रा की सुसाइड
- फोटो : अमर उजाला
परिजनों ने एसडीएम अशोक बंसल व डीएसपी जयपाल के सामने कहा कि जिन अधिकारियों के सुसाइड नोट में नाम हैं उनके खिलाफ कार्रवाई करो। दोनों अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि वे जांच करवाएंगे और जो भी आरोपी दोषी होगा उस पर सख्त कार्रवाई होगी। परिजनों ने उनके जवाब पर ही सवाल उठा दिए कहा कि जब सुसाइड नोट में नाम हैं तो जांच क्या रह गई। जो पुलिस अधिकारी हैं उनकी वर्दी उतरवाओ।
सुसाइड नोट के आधार पर जांच की जाएगी। जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे चाहे अधिकारी हो कर्मचारी या फिर आरोपी पक्ष के लोग, उनके खिलाफ कार्रवाई सख्ती से की जाएगी।
- प्रहलाद सिंह, एसएचओ सिटी थाना