शिक्षा विभाग में सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है। सिस्टम से आहत शिक्षक अब मौत को गले लगा रहे हैं। तरावड़ी के सीनियर सेकेंडरी स्कूल के प्रिंसिपल विजय शर्मा के सुसाइड के बाद अब एक और मामला सामने आया है। गांव नलीपार के हाई स्कूल के हेडमास्टर ने पांच टीचरों पर झूठे केस में फंसाने की बात कहकर पांच लाख रुपये मांगने का आरोप लगाकर सुसाइड कर लिया है।
हेडमास्टर ने गंभीर हालत में पुलिस को बयान देकर दम तोड़ दिया। कुंजपुरा थाना पुलिस ने मृतक हेडमास्टर के बयान पर राजकीय उच्च कन्या विद्यालय, कुंजपुरा की हेड टीचर विजय सूद व नली पार हाई स्कूल की टीचर चारू वर्मा, कांता, सुनीता व जेबीटी जयप्रकाश के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने सहित विभिन्न धाराओं के मामला दर्ज किया गया है।
गांव नबीपुर वासी करीब 52 वर्षीय वेद प्रकाश कई वर्षों से करनाल के सेक्टर-9 में परिवार के साथ रहता था। वह नलीपार राजकीय मिडिल स्कूल में हैड मास्टर था। नलीपार राजकीय हाई स्कूल की डीडी पॉवर कुंजपुरा के राजकीय कन्या सीनियर सेकेंडरी स्कूल की मुख्य अध्यापिका विजय सुधा के पास है।
वेदप्रकाश अपने मूल गांव नबीपुर आया था और वहां उसने संदिग्ध हालात में जहरीला पदार्थ निगल लिया। तबीयत खराब होने पर उसे कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कालेज एवं अस्पताल में दाखिल कराया गया। गंभीर हालात होने पर उसे निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया, जहां वीरवार अल सुबह उसने दम तोड़ दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। पीड़ितों की मांग है कि आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए।
ये दिए वेदप्रकाश ने बयान
वेदप्रकाश द्वारा जहर निगल लेने की सूचना के बाद पुलिस अस्पताल पहुंची। मरने से पहले वेदप्रकाश ने गंभीर हालत में सिविल लाइन थाना के प्रभारी प्रतीक कुमार को हेड मास्टर वेद प्रकाश ने गंभीर हालत में बयान दिये कि शिक्षकों द्वारा कथित रूप से पांच लाख रुपये की मांग करने से परेशान उसने जहर का सेवन कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर रहा हूं। गंभीर हालत में वेदप्रकाश ने अपने बयान में आरोप लगाया है कि पांचों आरोपी उसे तंग करते थे व कहते थे कि या तो पांच लाख रुपये दो या हम झूठे मामले में फंसाकर जांच खुलवा देंगे। इससे वह तंग था।
मिड डे मील से जुड़ा हो सकता है मामला
सूत्रों का कहना है कि आत्महत्या का मामला नलीपार के हाई स्कूल में मिड डे मील का राशन खराब होने से जुड़ा हो सकता है। पांचों आरोपी टीचर हेडमास्टर वेदप्रकाश को केस की जांच फिर कराने की धमकी देते थे। वेदप्रकाश के परिजनों का आरोप है कि वेदप्रकाश कई दिनों से तनाव में था और कारण उसने जहर निगल लिया। अब यह बात जांच में सामने आएगी कि आरोपी किस जांच के खुलवाने की धमकी दे रहे थे।
वेद प्रकाश गांव नलीपार के राजकीय स्कूल में हेडमास्टर था। गांव नबीपुर में अपने घर में उसने आत्महत्या कर ली। मरने से पहले दिये बयान में उसने पांच टीचरों पर रुपये मांगने का आरोप लगाया था और फिर जांच कराने की धमकी भी दे रहे थे। पांचों टीचरों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी गई है। जो भी दोषी होगा उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
-सूबे सिंह, कुंजपुरा थाना प्रभारी
आपसी राजनीति कर रही परेशान, नहीं होती पढ़ाई
बता दें कि पिछले चार दिनों में अध्यापकों के सुसाइड करने के दो मामले सामने आ चुके हैं। ऐसे में दोनों ही मामलों में यह बात सामने आई है कि अध्यापकों की आपसी रंजिश के कारण ऐसा विवाद चल रहे हैं। एक दूसरे के खिलाफ जांच खुलवाने व एक दूसरे को फंसाने के चलते स्कूलों में जबरदस्त राजनीति चल रही है।
ऐसे में जिले के कई स्कूलों में माहौल भी खराब चल रहा है और बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। एक दूसरे को नीचा दिखाने के लिए समाज को आइना दिखाने वाले शिक्षक ही एक दूसरे शिक्षक को आत्महत्या के लिए मजबूर कर रहे हैं। दूसरा पहलू यह भी है कि आखिर स्कूलों में इतने गबन हो क्यों रहे हैं? ऐसे में आला अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठते हैं तो जांच को इतना लंबा खींच रहे हैं।