बाइक चोरी के आरोप में पकड़े गए युवक ने पुलिस हिरासत में जहर निगल कर अपनी जान दे दी। मामला पंजाब के बरनाला का है। वहीं, मामले में थाना प्रभारी का कहना है कि युवक बाहर से ही कोई जहरीली वस्तु खाकर आया था। जानकारी के अनुसार गांव खुड्डीकलां के रहने वाले एक नौजवान मनप्रीत सिंह को सिटी पुलिस ने चोरी के मामले में पूछताछ के लिए बुलाया था, लेकिन उसने पुलिस के भय से थाने में सल्फास की गोलियां निगल लीं।
पुलिस कर्मी उसे पुलिस की गाड़ी में लेटाकर पहले तो ऐसे केसों के माहिर डॉक्टर विजय अस्पताल में ले गए। वहां उसकी हालत गंभीर देखते हुए डाक्टर विजय कुमार ने उसको जवाब दे दिया। तब उसको पुलिस की गाड़ी में बैठाकर सिविल अस्पताल दाखिल करवाया गया, लेकिन वहां भी सिविल अस्पताल का डाक्टरों ने उसकी हालत गंभीर देखते हुए उसे डीएमसी लुधियाना के लिए रेफर कर दिया।
जहां रास्ते में मुल्लांपुर के पास नौजवान मनप्रीत सिंह की मौत हो गई। एंबुलेंस चालक आशू ने बताया कि उसे सिविल अस्पताल दाखिल करवाने के लिए पुलिस की गाड़ी में पुलिस कर्मी ही लेकर आए थे। उसकी हालत गंभीर देखते हुए उसे डीएमसी लुधियाना के लिए रेफर कर दिया गया था।
थाना सिटी के प्रभारी परमजीत सिंह ने बताया कि मनप्रीत सिंह का पिता गुरमीत सिंह पंजाब पुलिस के विभाग होमगार्ड में है। मनप्रीत सिंह पर बाइक चोरी का आरोप था, जिसकी पूछताछ करने के लिए उसे थाना बुलाया था। वह अपने पिता गुरमीत सिंह के साथ ही थाने आया था, लेकिन वह थाने आने से पहले ही बाहर से कोई जहरीली चीज निगल कर आया था।
वह थाने आकर अपने पिता को कहने लगा कि उसके पेट में बहुत ज्यादा दर्द हो रहा है। पिता गुरमीत सिंह अपने बेटे मनप्रीत सिंह को सिविल अस्पताल ले गए, जहां उसकी मौत हो गई। मृतक नौजवान मनप्रीत सिंह के पिता गुरमीत सिंह के बयानों पर 174 धारा तहत कार्रवाई कर दी गई है।
मनप्रीत की हालत थाने में आकर बिगड़ी थी। हालांकि यह अभी जांच का विषय है कि मनप्रीत ने जहरीला पदार्थ थाने में आकर खाया था या फिर बाहर। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
- अमृतपाल सिंह, एएसआई