वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कपूरथला हरकमलप्रीत सिंह खख ने बताया कि 24 व 25 सितंबर की रात को गांव भुल्लाराई में कुछ लोगों ने धारदार हथियार से बलजीत सिंह की हत्या कर दी थी। उन्होंने कहा कि 25 सितंबर को फगवाड़ा थाने में मृतक के बेटे सुखराज सिंह के बयान पर धारा 302 और 34 आईपीसी के तहत मामला दर्ज किया गया था।
मामले की जांच के लिए एसपी फगवाड़ा सरबजीत सिंह बहिया और डीएसपी पलविंदर सिंह की देखरेख में एसएचओ सदर फगवाड़ा गगनदीप सिंह घुम्मन और सीआईए फगवाड़ा के प्रभारी सब-इंस्पेक्टर सिकंदर सिंह सहित विभिन्न पुलिस टीमों का गठन किया गया था।
उन्होंने कहा कि ये पुलिस दल मामले को सुलझाने के लिए विभिन्न सिद्धांतों पर काम कर रहे थे और इसकी वैज्ञानिक जांच के दौरान मौके पर कुछ सुराग मिले, जिससे आरोपी सुखराज सिंह और उसके साथियों तक पहुंचने में मदद मिली। जांच के दौरान सामने आया कि सुखराज ने अपने दोस्त प्रशांत राय और बलविंदर सिंह उर्फ सनी के साथ मिलकर पिता का कत्ल किया था।
सुखराज सिंह और प्रशांत राय को गुरुवार को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में पता चला कि सुखराज सिंह, उसकी मां और उसकी छोटी बहन को उसके पिता बलजीत सिंह ने करीब 4-5 साल पहले घर से निकाल दिया था। मृतक बलजीत सिंह काम नहीं करता था और शराब का आदी था।
चाकू और बेसबैट की हत्या
शराब के नशे में सुखराज सभी के साथ मारपीट और गाली गलौज भी करता था। सुखराज सिंह पिछले कुछ माह से अपने पिता के संपर्क में था और पिता से विदेश जाने के लिए पैसे मांगता था। सुखराज सिंह ने अपने पिता से अपनी दो कनाल जमीन बेचने और उसका भुगतान उसे करने लिए कहा, ताकि वह विदेश जा सके लेकिन बलजीत सिंह ने न तो अपनी जमीन बेची और न ही बेटे को पैसे दिए। जिससे सुखराज ने उसे रास्ते से हटाने की साजिश रची। ताकि खुद के विदेश जाने का रास्ता साफ हो सके।
इसी गुस्से में 24 व 25 सितंबर की रात सुखराज सिंह ने अपने दो साथियों के साथ घर में सो रहे बलजीत सिंह की चाकू व बेसबैट से हत्या कर दी। पुलिस को बेसबैट का टूटा टुकड़ा मिला था, जिसका दूसरा हिस्सा भी पुलिस ने बरामद कर लिया है। एसएसपी खख ने कहा कि पुलिस टीम गिरफ्तार आरोपियों को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करेगी और मामले की जांच के लिए रिमांड की मांग करेगी। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त हथियार बरामद कर लिए हैं।