बीते कुछ दिनों से सरकारी कॉलेज के विद्यार्थियों में प्रधानगी पद को लेकर चल रहे विवाद ने शुक्रवार को खूनी संघर्ष का रूप ले लिया। विवाद के चलते एक गुट ने दूसरे गुट पर हथियारों से हमला बोल दिया।
इस दौरान गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक के मामा कारज सिंह के बयान पर पुलिस ने यादविंदर सिंह चांदी, लाला, समरा, सनी चौधरी, सुधीर, विशाल कुमार समेत नौ लोगों के खिलाफ कत्ल साहित अलग-अलग धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
जानकारी के अनुसार अमरजीत सिंह कृपालके को सरकारी कॉलेज के विद्यार्थियों ने सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुन लिया। कॉलेज के नोटिस बोर्ड पर अध्यक्ष बनने का नोटिस लगाने के बाद अमरजीत सिंह समर्थक स्टूडेंट्स के काफिले सहित कॉलेज के पास से गुजर रहे थे।
इसी दौरान दूसरे पक्ष के स्टूडेंट्स ने हथियारों के साथ काफिले में शामिल एक कार पर हल्ला बोल दिया और अमरजीत के समर्थकों द्वारा लगाए पोस्टरों को फाड़ना शुरू कर दिया। इस दौरान दूसरे पक्ष ने उनकी कार के शीशे तोड़ डाले और कार के पिछले हिस्से पर गोलियां चलाईं।
इससे पिछली सीट पर बैठे विद्यार्थी गुरजीत सिंह (17) पुत्र सुखदेव सिंह निवासी मोड़ीपुरा तहसील अबोहर (फाजिल्का) को गोली लग गई। विद्यार्थियों ने उसे तुरंत सिविल अस्पताल में दाखिल कराया, जहां उसने दम तोड़ दिया। गुरजीत सिंह अबोहर के एक प्राइवेट स्कूल में प्लस-टू कक्षा का विद्यार्थी था।