एक 12 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ तीन साल पहले दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया गया। लेकिन बच्ची ने तब डर के मारे किसी को कुछ नहीं बताया था। रिहैबिलिटेशन सेंटर प्रबंधन ने बीते दिनों जब बच्ची की काउंसलिंग की तो पीड़ित बच्ची ने दुष्कर्म का खुलासा किया। मामला चंडीगढ़ का है। चाइल्ड वेलफेयर कमेटी के सदस्यों को बच्ची ने बताया कि करीब तीन साल पहले एक व्यक्ति उसकी मां के पास आता-जाता था।
उसी शख्स ने उससे दुष्कर्म किया। पीड़िता ने आरोपी की पहचान सन्नी नामक व्यक्ति के रूप में बताई है। लेकिन वह कहां रहता है और किसका जानकार है, इस बारे में बच्ची को कोई जानकारी नहीं है। हालांकि काउंसलिंग में बच्ची ने बताया कि सन्नी दो वर्ष पूर्व जेल गया था। इस जानकारी के बाद पुलिस ने थाने का पुराना रिकॉर्ड खंगाला लेकिन सन्नी नामक आरोपी से संबंधित फिलहाल कोई जानकारी पुलिस के हाथ नहीं लगी है।
सीडबल्यूसी और महिला पुलिसकर्मी बच्ची की काउंसलिंग में जुटी हैं, ताकि उससे दुष्कर्म के आरोपी का कोई अहम सुराग पुलिस हाथ लग सके। पीड़िता के अलावा उसके तीन भाई हैं और सभी रिहैबिलिटेशन सेंटर में हैं। बच्चों के माता-पिता की आर्थिक हालत ठीक नहीं होने के चलते सभी बच्चे अपनी बुआ के पास भी रहे लेकिन उनकी मां बच्चों को सड़क पर यहां-वहां लेकर घूमती रहती थी।
पुलिस और चाइल्ड वेलफेयर कमेटी के प्रयासों से बच्चों को रिहैबिलिटेशन सेंटर आशियाना में रखा गया। पीड़िता को अन्य बच्चियों संग आशियाना में रखा गया और उसके तीनों भाई फिलहाल स्नेहालय में ही हैं।