पिता की आंख बचाकर उनकी कार से स्कूल जा रहे दसवीं कक्षा में पढ़ने वाले किशोर ने सोमवार सुबह शेरा गांव में स्कूल के बाहर खड़े छात्रों को कुचल डाला। स्पीड ब्रेकर पर असंतुलित हुई कार पांचवीं में पढ़ने वाले 11 वर्षीय नितिन को घसीटती हुई 300 मीटर तक ले गई जिससे उसकी मौत हो गई। हादसे में एक अन्य छात्र घायल हो गया।
कार चला रहा किशोर और उसका साथी छात्र कार छोड़कर भाग गए। नितिन अपने माता-पिता का इकलौता लड़का था। उसकी मौत से पूरे गांव में मातम छा गया। पुलिस ने अज्ञात छात्रों पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पानीपत की ओर से जा रही एक कार थाना मतलौडा के अंतर्गत शेरा गांव के सरकारी स्कूल के बाहर असंतुलित होकर समीप खड़े दो छात्रों को टक्कर मारते हुए आगे निकल गई। इनमें से एक नितिन कार के साथ करीब तीन सौ मीटर तक घिसटता चला गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। कार की टक्कर से एक अन्य छात्र गौरव गंभीर रूप से घायल हो गया। कार एक मकान के चबूतरे से टकराकर रुक नहीं गई होती तो हादसा और भी बड़ा हो सकता था।
कार के रुकते ही उसमें सवार कार चला रहा छात्र और उसका साथी भाग खड़े हुए। ग्रामीणों ने गौरव को पानीपत के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर नितिन के शव को कब्जे में ले लिया।
पिता गया था बाहर, पीछे से निकाल ली कार
पुलिस के अनुसार जानकारी में आया है कि गांव रेरकलां निवासी शराब ठेकेदार किसी काम से खंदरा गांव गया हुआ था। पिता की अनुपस्थिति में किशोर वय बेटे ने स्कूल जाने के लिए कार बाहर निकाल ली।
उसने अपने एक अन्य दोस्त को भी बुला लिया। ये दोनों छात्र दसवीं के बताए जा रहे हैं। कार से मिले बैग और स्कूल के आई कार्ड से उनकी पहचान हुई है।
वर्जन
पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाकर उसे परिजनों को सौंप दिया है। मृतक के पिता के बयान पर अज्ञात छात्रों पर मुकदमा दर्ज कर कार को कब्जे में ले लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। -राजेंद्र सिंह, प्रभारी, थाना मतलौडा