जिला अदालत ने दिल्ली से छपने वाली एक मैगजीन मनोहर कहानियां के संपादक व स्टाफ को समन जारी किए हैं। मामले की अगली सुनवाई पर खुद पेश होने के आदेश जारी किए है। मामले की अगली सुनवाई 15 जुलाई को होगी।
पीड़ित के वकील नवीन पाल सिंह सैनी ने बताया कि गत वर्ष मैगजीन ने रेप पीड़िता की फोटो छाप दी थी। जो कि सुप्रीम कोर्ट के नियमों के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि यह अपराध है।
इसी के चलते कोर्ट ने मैगजीन के एडिटर अशोक मित्तर व अन्य स्टाफ को समन जारी किया है। सैनी ने बताया कि पीड़िता ने अदालत में मैगजीन के एडिटर और स्टाफ के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने के लिए 228 ए के तहत केस दायर किया था।
उन्होंने बताया कि इससे पीड़िता की छवि खराब हुई है। जिक्रयोग है कि इस मामले के आरोपी अमित को जिला अदालत पहले ही दोषी करार दे चुकी है। उसके बाद ही मैगजीन की तरफ से यह कहानी छापी गई थी।