सीआईए ने शहर में रंगदारी मांगने के साथ एक ही रात में तीन स्थानों पर फायरिंग करने आरोपी झोटा गैंग के शॉर्प शूटर 50 हजार रुपये के ईनामी बदमाश संदीप सोनी को मुठभेड़ के बाद दबोच लिया है। आरोपी शहर निवासी एक प्रॉपर्टी डीलर से मांगी दस लाख रुपये की रंगदारी लेने के लिए पटौदी रोड स्थित एक पेट्रोल पंप पर पहुंचा था। पुलिस ने फिल्मी अंदाज में संदीप सोनी के साथ उसके पांच गुर्गों को भी दबोचा लिया है। उनसे दो रिवाल्वर और 12 कारतूस बरामद किए हैं।
प्रॉपर्टी डीलर से मांगी रंगदारी, भेजा गुर्गों को
आईजी ने बताया कि इसी बीच संदीप सोनी ने शहर निवासी प्रॉपर्टी डीलर बालमुकेश से सोमवार को 10 लाख रुपये की रंगदारी के लिए फोन किया। इसके बाद बालमुकेश ने पूरे मामले से पुलिस को अवगत कराया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए पूरा प्लान बनाया। रंगदारी के लिए बालमुकेश ने संदीप सोनी को पटौदी रोड स्थित एक पेट्रोल पंप पर बुलाया। इसके बाद रेवाड़ी और धारूहेड़ा की सीआईए टीम ने बदमाशों की धरपकड़ के लिए जाल बिछा दिया।
बालमुकेश पुलिस द्वारा बिछाए जाल के अनुसार संदीप सोनी को रात को ही 1.35 लाख रुपये की रंगदारी देने को तैयार हो गया। संदीप सोनी ने रंगदारी देने के लिए उसे पटौदी रोड पर बुलाया। रात करीब 11 बजे पंप पर सबसे पहले संदीप सोनी का गुर्गा रेलवे कालोनी निवासी राहुल व्यापारी से रंगदारी लेने पहुंचा। व्यापारी ने राहुल को 1.35 लाख रुपये दे दिए। इसी दौरान पुलिस ने राहुल को दबोच लिया।
सांकेतिक तस्वीर
राहुल करता रहा संदीप सोनी से बातचीत
रंगदारी लेने के बाद पुलिस गिरफ्त में आया राहुल लगातार संदीप सोनी से बातें करता रहा। राहुल ने पुलिस द्वारा बताए स्थान पर संदीप सोनी को रुपये लेने के लिए बुलाया। इसके बाद सरस्वती विहार निवासी कृष्ण उर्फ बिशन उर्फ डैनी और संदीप सोनी ऑल्टो में सवार होकर राहुल से रुपये लेने पहुंचे। जैसे ही राहुल ने रुपये थमाए पुलिस ने उनको दबोच लिया। इसी दौरान उन्होंने भागने का प्रयास किया और पुलिस पर दो राउंड फायरिंग भी की।
पहले से चारों तरफ से जाल बिछाकर तैयार सीआईए ने संदीप सोनी सहित उसके पांच साथियों को दबोच लिया। गिरफ्तार उसके सहयोगी में नई आबादी निवासी प्रदीप सोनी, सरस्वती विहार निवासी कृष्ण उर्फ बिशन उर्फ डैनी, गांव बोलनी निवासी मोहन, रेलवे कॉलोनी निवासी राहुल, तुलाराम विहार निवासी रवि उर्फ बिल्लारी के रूप में हुई है। पुलिस ने बदमाशों के कब्जे से दो पिस्तौल, 12 कारतूस, एक कार और बाइक बरामद की है।
आरोपियों पर हैं कई संगीन मामले दर्ज
आईजी ने बताया कि पकड़े सभी आरोपियों पर संगीन मामले दर्ज है। संदीप सोनी हार्डकोर क्रिमिनल है। उस पर 11 व प्रदीप सोनी पर 21 मामले दर्ज है। बिल्लारी, डैनी व अन्य आरोपियों पर भी कई संगीन मामले दर्ज है।
सांकेतिक तस्वीर
बीएससी का छात्र है राहुल
व्यापारी से रंगदारी लेने के लिए संदीप सोनी ने जिस गुर्गे को भेजा था वह रेलवे कालोनी निवासी राहुल था। राहुल एक सामान्य परिवार से संबंध रखता है। बीएससी सेकेंड ईयर का छात्र है। रुपये कमाने का लालच देकर संदीप सोनी ने उसे अपनी गैंग में शामिल किया था। रुपये कमाने के लालच में राहुल ने अपने करियर की चिंता किए बिना व्यापारी से रंगदारी लेने पहुंच गया।
जिले में नहीं है कोई गैंग सक्रिय
आईजी ने बताया कि इस समय जिले में कोई भी गैंग सक्रिय नहीं है। झोटा और आलू गैंग के बीच लंबे समय से रंजिश चल रहा थी। संदीप सोनी के बाहर रहते इनके बीच गैंगवारी होने की संभावना थी, लेकिन दोनों गैंग के गुर्गे पुलिस की गिरफ्त में है।
आईजी श्रीकांत जाधव और पुलिस अधीक्षक राजेश दुग्गल ने दिल्ली रोड स्थित आईजी कार्यालय में बताया कि झोटा गैंग के शार्प शूटर संदीप सोनी जुलाई माह में पैरोल पर आया था। उसने पैरोल पर आने के बाद शहर के होली चाइल्ड स्कूल के समीप रहने वाली एक सेवानिवृत्त प्राचार्या से दो लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी। प्राचार्या ने रंगदारी नहीं देकर जब इसकी शिकायत पुलिस को दी तो आरोपी ने 12 जुलाई की रात को अपने साथियों सहित उसके घर पहुंचकर फायरिंग कर दी।
इस दौरान आरोपियों ने पहले उसका दरवाजा खुलवाया। इसके बाद फायरिंग करके फरार हो गए। इससे पहले संदीप सोनी ने अपने साथियों के साथ प्रॉपर्टी विवाद से जुड़े मामले में आनंद नगर और टीपी स्कीम में भी फायरिंग की थी। 12 जुलाई की रात को एक ही रात में हुई तीन स्थानों पर फायरिंग के बाद पुलिस में भी हड़कंप मच गया था।
पुलिस के तमाम प्रयासों के बाद जब वह हत्थे नहीं चढ़ा तो आरोपी पर 50 हजार रुपये का ईनाम घोषित कर दिया गया। इसके बाद आईजी श्रीकांत जाधव ने मामले को गंभीरता से लिया और स्वयं पीड़ितों के घर पहुंचे। उन्होंने पुलिस कार्रवाई की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया था।