पठानकोट एयरबेस पर हुए आतंकी हमले के आरोपियों को एनआईए की विशेष अदालत ने भगोड़ा घोषित करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। सोमवार को अदालत ने आरोपियों के पीओ घोषित करने के लिए नोटिस जारी किया है। आरोपियों में जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मौलाना मसूद अजहर समेत चार के नाम शामिल हैं।
जानकारी के मुताबिक, राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीम सोमवार दोपहर अदालत पहुंची। इस दौरान अदालत में एनआईए की टीम ने पहले केस संबंधी स्टेटस रिपोर्ट पेश की। इसके बाद अदालत ने आरोपियों को पीओ घोषित करने की कार्रवाई शुरू की। इसमें अजहर के अलावा मसूद के भाई व जैश के डिप्टी चीफ मुफ्ती अब्दुल रउफ असगर, शाहिद लतीफ व कासिम जान के नाम शामिल हैं। सभी आरोपी पाकिस्तान में हैं। वहीं, इस मामले की अगली सुनवाई नौ मार्च को होगी।
पठानकोट एयरबेस पर हमले के आरोपियों के खिलाफ एनआईए ने आईपीसी की धारा 120 बी, 121, 121ए, 302, 307, 364, 365, 367, 368, 397 व सेक्शन 16,18, 20, 23, 38 और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने समेत कई धाराओं में केस दर्ज किया है। अदालत में एनआईए की तरफ से बताया गया था कि पाकिस्तान में बैठे चारों आरोपियों से हमले में मारे गए आतंकियों का सीधा संबंध था। वह उनसे फोन पर संपर्क में थे। उनके निर्देश पर ही वह सारी कार्रवाई कर रहे थे। उनके पास डिजिटल, टेक्निकल, ओरल व डॉक्यूमेंट्री रिकॉर्ड हैं, जो एजेंसी को जांच के दौरान मिले हैं। इसके अलावा उनके पास कई अन्य तथ्य हैं, जिससे उनके हमले में शामिल होने की बात की पुष्टि होती है।